सऊदी अरब के मक्का शहर में  पहली डॉक्टर की मौ’त कोरोनावायरस के वजह से दर्ज की गई है.  वह सरकारी अस्पताल में कार्यरत थे.

वहीं एक प्रवासी 45 साल के खालीद चौधरी पाकिस्तानी डॉक्टर के मृत होने की पुष्टि की गई इनकी भी मौत कोरोनावायरस से हुई है.  चिकित्सक स्पेशलिस्ट सर्जन थे. पूरे सऊदी अरब में चिकित्सक के मौत के उपरांत उनके बहादुरी और अथक प्रयास की सराहना हो रही है.

स्वास्थ मंत्रालय के डायरेक्टर जनरल ने बताया कि यह डॉक्टर सऊदी अरब के बेहतरीन मेडिकल प्रोफेशनल में से एक हैं और हम उनके शांति के लिए प्रार्थना करते हैं.

पिछले महीने भी मक्का में एक स्वास्थ्य कर्मचारी जो कि नर्स के तौर पर काम कर रही थी,  उनके मौत की पुष्टि हुई थी.  और इसी बीच रियाद में भी के सूडान के रहने वाले प्रवासी डॉक्टर की भी कोविड-19 से हुई है.

और आगे की जानकारी में आपको जानकर दुख होगा की किंग साउद यूनिवर्सिटी के  स्वास्थ्य विभाग के  कंसलटेंट  की भी मौत कोरोनावायरस से हो गई है.

 

सऊदी अरब ने सामान्य जीवन के लिए लॉक डाउन  प्रतिबंध हटाना शुरू कर दिया था और उम्मीद कर रहा था की संक्रमण के मामलों में कमी आएगी लेकिन हालात बेहतर ना होने से सऊदी अरब में अपने जद्दा शहर में दोबारा से कर्फ्यू 15 दिनों के लिए जारी कर दिया.  यह कर्फ्यू आज शनिवार 6 जून से लागू हो गया है.

बिहार से हूँ। बिहार होने पर गर्व हैं। फर्जी ख़बरों की क्लास लगाता हूँ। प्रवासियों को दोस्त हूँ। भारत मेरा सबकुछ हैं। Instagram पर @nyabihar तथा lov@gulfhindi.com पर संपर्क कर सकते हैं।

Leave a comment

अपना कमेंट दीजिए.