संयुक्त अरब अमीरात (UAE) के विदेश मंत्रालय ने सोमवार, 26 जनवरी 2026 को एक महत्वपूर्ण आधिकारिक बयान जारी किया है। मंत्रालय ने साफ़ तौर पर कहा है कि वह ईरान के खिलाफ किसी भी सैन्य कार्रवाई के लिए अपनी जमीन, हवाई क्षेत्र या समुद्री सीमाओं का उपयोग करने की अनुमति नहीं देगा।
एक और जरूरी खबर: कतर में शुरू हुआ ‘Arabian Gulf Security 4’ युद्धाभ्यास, UAE और अमेरिकी सेनाएं भी शामिल।
UAE सरकार के फैसले की मुख्य बातें क्या हैं?
UAE के विदेश मंत्रालय ने क्षेत्रीय शांति बनाए रखने के लिए अपनी पुरानी नीति को फिर से दोहराया है। सरकार ने स्पष्ट किया है कि वह किसी भी युद्ध जैसी स्थिति में भागीदार नहीं बनेगा।
- UAE अपनी जमीन का इस्तेमाल सैन्य हमलों के लिए नहीं होने देगा।
- देश के हवाई क्षेत्र (Airspace) और समुद्री सीमाओं का उपयोग प्रतिबंधित रहेगा।
- किसी भी सैन्य कार्रवाई के लिए कोई लॉजिस्टिक सहायता नहीं दी जाएगी।
- तनाव कम करने के लिए केवल बातचीत और कूटनीति का सहारा लिया जाएगा।
शांति और अंतरराष्ट्रीय कानून पर जोर
विदेश मंत्रालय में रणनीतिक संचार निदेशक Afra Al Hameli ने इस बयान को सार्वजनिक किया है। यह बयान ऐसे समय में आया है जब खाड़ी क्षेत्र में अमेरिका और ईरान के बीच तनाव बढ़ने की खबरें मिल रही हैं। मंत्रालय ने जोर देकर कहा कि अंतरराष्ट्रीय कानूनों का पालन करना और दूसरे देशों की संप्रभुता का सम्मान करना शांति के लिए जरूरी है। UAE ने सभी पक्षों से शांतिपूर्ण और रचनात्मक बातचीत के जरिए विवाद सुलझाने की अपील की है।




