Dubai के बाद अब भारत बना AI का बड़ा सेंटर, Sarvam AI के फीचर्स ने Google और OpenAI को छोड़ा पीछे
भारत अब टेक्नोलॉजी की दुनिया में तेजी से आगे बढ़ रहा है और दुबई के बाद अब दिल्ली में टेक का बड़ा जमावड़ा लगा है। नई दिल्ली में AI Impact Summit 2026 की शुरुआत हो चुकी है, जिसमें भारत की अपनी कंपनी Sarvam AI ने सबका ध्यान अपनी ओर खींचा है। लोग इसकी तुलना अब सीधे गूगल और ओपनएआई जैसी बड़ी कंपनियों से कर रहे हैं। इस समिट में भारत को वैश्विक एआई हब के रूप में देखा जा रहा है।
Sarvam AI के फीचर्स और क्यों हो रही है तारीफ
Sarvam AI ने अपने नए मॉडल्स के जरिए टेक्नोलॉजी की दुनिया में हलचल मचा दी है। इसका ‘Sarvam Vision’ मॉडल भारतीय सरकारी दस्तावेजों, हाथ से लिखे कागजों और टेढ़े-मेढ़े टेबल को पढ़ने में बहुत सटीक है। टेस्ट में इसने 84.3% स्कोर हासिल किया है, जो गूगल के Gemini और ChatGPT से भी ज्यादा है।
इसके अलावा, इसका ‘Bulbul V3’ मॉडल 22 भारतीय भाषाओं को सपोर्ट करता है। यह मॉडल हिंग्लिश और अलग-अलग भारतीय लहजों को भी आसानी से समझता है और इसकी आवाज बिल्कुल इंसानों जैसी लगती है। यह भारत का पहला ‘सॉवरेन एआई’ है, जिसका मतलब है कि इसका डेटा भारत में ही रहेगा और इसे भारतीय कानूनों के हिसाब से तैयार किया गया है।
दुबई से दिल्ली तक का सफर
इस बड़े बदलाव की चर्चा दुबई से शुरू हुई थी। 10 और 11 फरवरी को दुबई में ‘Road to AI Impact Summit’ का आयोजन किया गया था। अब यही कार्यक्रम दिल्ली में एक मुख्य समिट के रूप में 20 फरवरी तक चल रहा है। दुबई में भारत के राजदूत डॉ. दीपक मित्तल ने भी कहा था कि भारत और यूएई मिलकर एआई के भविष्य को बेहतर बना रहे हैं।
कीमतें और आम लोगों को फायदा
सरकार ने इस प्रोजेक्ट को बढ़ावा देने के लिए 4,000 हाई-एंड GPU दिए हैं। आम लोगों और डेवलपर्स के लिए इसकी सेवाएं काफी किफायती दरों पर उपलब्ध कराई गई हैं। नए यूजर्स को शुरुआत में फ्री क्रेडिट्स भी दिए जा रहे हैं।
Sarvam AI की मुख्य कीमतें (2026):
| सर्विस का नाम | कीमत (Rates) |
|---|---|
| Speech-to-Text | ₹30 प्रति घंटा |
| Text-to-Speech (Bulbul V3) | ₹30 प्रति 10,000 शब्द |
| Translation (अनुवाद) | ₹20 प्रति 10,000 शब्द |
| Document Intelligence | फरवरी 2026 के लिए फ्री |




