Qatar Govt New Update: ईरान के हमलों पर कतर का बड़ा बयान, कहा- अपनी सुरक्षा के लिए जवाबी कार्रवाई का हमें पूरा हक
कतर सरकार ने एक बार फिर साफ कर दिया है कि वह अपनी सीमाओं पर होने वाले किसी भी हमले को बर्दाश्त नहीं करेगा। कैबिनेट की बैठक में यह दोहराया गया कि कतर के पास ईरान के हमलों का जवाब देने का पूरा अधिकार है। हालांकि कतर अभी भी शांति और कूटनीति के रास्ते पर चल रहा है, लेकिन देश की सुरक्षा से कोई समझौता नहीं किया जाएगा। पिछले कुछ हफ्तों में कतर की एयर डिफेंस प्रणालियों ने कई ईरानी ड्रोन और मिसाइलों को मार गिराया है।
कतर पर हुए हमलों और सुरक्षा की ताजा स्थिति क्या है?
फरवरी और मार्च 2026 के बीच कतर को कई बार हवाई हमलों का सामना करना पड़ा है। कतर के रक्षा मंत्रालय ने जानकारी दी है कि उनकी सेना ने दो ईरानी Su-24 विमान, सात बैलिस्टिक मिसाइलें और पांच ड्रोन सफलतापूर्वक मार गिराए हैं। इन हमलों से आम नागरिकों को भी चोटें आई हैं, जिसके बाद कतर ने संयुक्त राष्ट्र में अपनी कड़ी आपत्ति दर्ज कराई है। 18 मार्च को Ras Laffan Industrial City पर हुए मिसाइल हमले को कतर ने अपनी संप्रभुता का सीधा उल्लंघन बताया है।
- 28 फरवरी से 16 मार्च: कतर की सीमा में कई संदिग्ध ड्रोन और मिसाइलें देखी गईं।
- 19 मार्च: कतर ने ईरानी सैन्य अधिकारियों को 24 घंटे के भीतर देश छोड़ने का आदेश दिया।
- संयुक्त राष्ट्र का रुख: कतर ने UN चार्टर के अनुच्छेद 51 के तहत जवाबी कार्रवाई की बात कही है।
कूटनीति और क्षेत्रीय सुरक्षा को लेकर क्या योजना है?
कतर के विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता Majed Al-Ansari ने बताया है कि कतर युद्ध को खत्म करने के लिए सभी राजनयिक प्रयासों का समर्थन करता है। उन्होंने साफ किया कि बातचीत ही नुकसान को कम करने का एकमात्र रास्ता है। हालांकि, कतर फिलहाल अमेरिका और ईरान के बीच सीधे तौर पर मध्यस्थता नहीं कर रहा है। सरकार का मानना है कि क्षेत्र में शांति के लिए सभी देशों का सह-अस्तित्व जरूरी है। खाड़ी देशों में रहने वाले प्रवासियों के लिए भी यह सुरक्षा का मामला काफी महत्वपूर्ण बना हुआ है।
| अधिकारी का नाम | पद | मुख्य कदम/बयान |
|---|---|---|
| Majed Al-Ansari | प्रवक्ता, विदेश मंत्रालय | कूटनीतिक प्रयासों का समर्थन किया |
| Sheikha Alya Ahmed | UN प्रतिनिधि | UN को हमलों की जानकारी दी |
| Sheikh Mohammed | प्रधानमंत्री | बिना शर्त युद्ध खत्म करने की मांग की |




