अफगानिस्तान की चेतावनी, पाकिस्तान के हवाई हमलों का दिया जाएगा कड़ा जवाब.

काबुल में सोमवार को एक बड़ा सरकारी बयान सामने आया है जिसमें अफगानिस्तान ने पाकिस्तान की तरफ से किए गए हवाई हमलों पर तीखी नाराजगी जताई है। अफगान सरकार के मुख्य प्रवक्ता Zabihullah Mujahid ने पाकिस्तान की सेना पर सीधे तौर पर आम नागरिकों के इलाकों को निशाना बनाने का गंभीर आरोप लगाया है। उन्होंने इस सैन्य कार्रवाई को अफगानिस्तान के खिलाफ बार-बार दोहराए जाने वाले जुर्म करार दिया है और कहा है कि इस आक्रामकता का उचित और करारा जवाब दिया जाएगा।
पाकिस्तान के हमलों में हुआ जानमाल का नुकसान
सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर जारी किए गए आधिकारिक बयान के अनुसार, पिछले दिनों पाकिस्तानी सेना ने कुनार और पक्तिका प्रांतों के रिहायशी इलाकों पर बमबारी की थी। कुनार प्रांत में हुई इस गोलीबारी और बमबारी में एक महिला और दो पुरुषों की मौत हो गई, जबकि दो महिलाओं समेत कुल चार लोग गंभीर रूप से घायल हो गए। इसके अलावा पक्तिका प्रांत में भी एक घर और एक स्थानीय दुकान पूरी तरह क्षतिग्रस्त हो गई, हालांकि वहां किसी के हताहत होने की खबर नहीं मिली है। अफगान प्रशासन ने इन सभी हमलों की कड़ी निंदा की है और इसे सरासर जुल्म बताया है।
सीमा पार जारी संघर्ष और संयुक्त राष्ट्र की रिपोर्ट
अफगान सरकार का कहना है कि पाकिस्तान का सैन्य तंत्र अपनी अंदरूनी सुरक्षा व्यवस्था की नाकामियों से लोगों का ध्यान भटकाने के लिए ऐसे कायराना हमले कर रहा है। अफगानिस्तान और पाकिस्तान की सीमाओं के बीच पिछले काफी समय से तनाव लगातार बढ़ता जा रहा है। संयुक्त राष्ट्र सहायता मिशन यानी UNAMA ने अपनी रिपोर्ट में इस बात की पुष्टि की है कि सीमा पार होने वाली हिंसक घटनाओं और हवाई हमलों की वजह से आम नागरिकों को बहुत ज्यादा नुकसान उठाना पड़ रहा है। आंकड़ों के मुताबिक अप्रैल से जून के दौरान सैकड़ों की संख्या में नागरिक हताहत हुए हैं जिनमें बड़ी संख्या में मासूम बच्चे और महिलाएं भी शामिल हैं।
अफगानिस्तान को अपनी रक्षा करने का पूरा अधिकार
प्रवक्ता Zabihullah Mujahid ने साफ शब्दों में कहा है कि यदि पाकिस्तान अंतरराष्ट्रीय नियमों का हवाला देकर अफगान धरती की संप्रभुता का उल्लंघन करता है, तो अफगानिस्तान के पास अपनी जमीन और देश की रक्षा करने का पूरा हक है। उन्होंने यह भी चेतावनी दी है कि भविष्य में यदि पाकिस्तानी सेना ने देश के अंदर किसी भी तरह का सैन्य अभियान या घुसपैठ की कोशिश की, तो काबुल की तरफ से बेहद मजबूत और निर्णायक प्रतिक्रिया देखने को मिलेगी।