पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव और सप्लाई की चिंता से ब्रेंट क्रूड तेल 115 डॉलर के करीब पहुंचा
पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव और सप्लाई की चिंता के कारण ब्रेंट क्रूड तेल की कीमतें 115 डॉलर के आसपास बनी हुई हैं।

लंदन: पश्चिम एशिया में बढ़ते तनाव और वैश्विक स्तर पर तेल की सप्लाई को लेकर डर के बीच ब्रेंट क्रूड तेल की कीमतें 115 डॉलर प्रति बैरल के आसपास बनी हुई हैं। सोमवार, 26 अक्टूबर 2026 को बाजार में उतार-चढ़ाव देखा गया और फ्यूचर्स करीब 1 प्रतिशत गिरकर 115.16 डॉलर पर आ गए, लेकिन भू-राजनीतिक अस्थिरता के कारण कीमतों पर दबाव बना हुआ है।
ING के विश्लेषकों ने बताया कि कीमतों में यह बढ़ोतरी बुनियादी मांग में बदलाव के बजाय फारस की खाड़ी में संघर्ष बढ़ने के डर की वजह से हो रही है। बाजार में अब इस बात की आशंका जताई जा रही है कि नवंबर में अमेरिकी मध्यावधि चुनावों के बाद अमेरिका और इजरायल, ईरान के खिलाफ सैन्य कार्रवाई कर सकते हैं।
तनाव तब और बढ़ गया जब हूती विद्रोहियों ने सऊदी अरब के तेल केंद्रों और हवाई अड्डों पर हमले किए। इन हमलों के कारण ढहरान में सऊदी अरामको के मुख्यालय को खाली कराना पड़ा। इसके अलावा, स्ट्रेट ऑफ हॉर्मुज में वाणिज्यिक जहाजों पर ईरानी रिवोल्यूशनरी गार्ड के हमलों की खबरों ने चिंता बढ़ा दी है। इंटरनेशनल एनर्जी एजेंसी ने क्षेत्र में होने वाली संभावित बाधाओं को वैश्विक ऊर्जा आपूर्ति के लिए एक ऐतिहासिक खतरा बताया है।
बाजार में स्थिरता लाने के लिए सऊदी अरब, रूस, इराक, कुवैत, कजाकिस्तान, अल्जीरिया और ओमान समेत सात ओपेक प्लस देशों ने अक्टूबर और नवंबर 2026 के लिए उत्पादन स्तर बनाए रखने की प्रतिबद्धता दोहराई है।
कॉमनवेल्थ बैंक ऑफ ऑस्ट्रेलिया के विशेषज्ञ विवेक धर ने चेतावनी दी है कि प्रमुख एशियाई अर्थव्यवस्थाओं में मांग में बड़ी गिरावट आने से पहले ब्रेंट की कीमतें 150 डॉलर प्रति बैरल तक जा सकती हैं।