CBI ने महादेव ऐप के प्रमोटर सौरभ चंद्राकर को ओमान से भारत प्रत्यर्पित किया
CBI ने महादेव ऐप सिंडिकेट के मुख्य प्रमोटर सौरभ चंद्राकर को ओमान से प्रत्यर्पित कर भारत लाया है। आरोपी को रायपुर कोर्ट में पेश किया जाएगा।

नई दिल्ली: केंद्रीय जांच ब्यूरो (CBI) ने एक बड़ी कामयाबी हासिल करते हुए अवैध सट्टेबाजी नेटवर्क 'महादेव ऐप' के मुख्य प्रमोटर सौरभ चंद्राकर को ओमान से भारत प्रत्यर्पित कर लिया है। विभिन्न केंद्रीय एजेंसियों के साथ तालमेल बिठाकर की गई इस कार्रवाई के बाद आरोपी को रविवार, 1 नवंबर 2026 को भारत लाया गया।
सौरभ चंद्राकर के खिलाफ इंटरपोल ने रेड कॉर्नर नोटिस जारी किया था, जिसके बाद रॉयल ओमान पुलिस ने उसे ढूंढ निकाला और हिरासत में ले लिया। CBI की एक विशेष टीम आरोपी को ओमान से भारत लेकर आई है।
प्रक्रिया के मुताबिक, आरोपी का पहले मेडिकल परीक्षण कराया जाएगा। इसके बाद सोमवार, 2 नवंबर 2026 को उसे रायपुर के सीबीआई विशेष न्यायाधीश के सामने पेश किया जाएगा, जहां से ट्रांजिट रिमांड की मांग की जाएगी।
CBI ने सौरभ चंद्राकर के खिलाफ पहले ही दो मामलों में चार्जशीट दाखिल कर रखी है। इसके अलावा प्रवर्तन निदेशालय (ED) ने भी उसकी गतिविधियों के संबंध में एक अभियोजन शिकायत दर्ज की है।
आरोपी पर भारतीय दंड संहिता, भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम 1988 और छत्तीसगढ़ जुआ (निषेध) अधिनियम के तहत आरोप लगाए गए हैं। जांच में सामने आया है कि खेल और गेम्स के लिए एक विशाल अवैध ऑनलाइन सट्टेबाजी नेटवर्क चलाया जा रहा था।
जांच एजेंसी के मुताबिक, इस सिंडिकेट के जरिए अवैध कमाई को हवाला चैनलों और म्यूल अकाउंट्स के माध्यम से लॉन्ड्रिंग किया गया। साथ ही इसमें सरकारी कर्मचारियों को रिश्वत देने के आरोप भी शामिल हैं।
CBI ने इस प्रत्यर्पण को अंतरराष्ट्रीय संगठित अपराध के खिलाफ भारत की मुहिम में एक महत्वपूर्ण मील का पत्थर बताया है। एजेंसी ने इस पूरी प्रक्रिया में ओमान सरकार और रॉयल ओमान पुलिस के सहयोग की सराहना की है।