दुबई में फंसे अंबेडकर नगर के दो मजदूर लौटे, सोशल वर्कर ने की थी मदद
गोरखपुर एजेंसी के जरिए दुबई गए दो मजदूर धोखे का शिकार हुए, सोशल वर्कर सैयद आबिद हुसैन की मदद से सुरक्षित भारत लौटे।

अंबेडकर नगर: उत्तर प्रदेश के अंबेडकर नगर जिले के दो प्रवासी मजदूर दुबई में मुसीबत में फंसने के बाद सुरक्षित भारत लौट आए हैं। अंकुर राजभर और जितेंद्र कुमार को सोशल वर्कर सैयद आबिद हुसैन, जिन्हें 'रियल लाइफ बजरंगी भाईजान' के नाम से जाना जाता है, के हस्तक्षेप के बाद वापस लाया जा सका।
इन दोनों मजदूरों को गोरखपुर की एक ट्रैवल और एम्प्लॉयमेंट एजेंसी के जरिए दुबई की 'गोल्डन विंग कॉन्ट्रैक्टिंग (एलएलसी)' कंपनी में हेल्पर के तौर पर भर्ती किया गया था। समझौते के मुताबिक, उन्हें 12 दिरहम प्रति घंटा वेतन, मुफ्त भोजन, रहने की सुविधा और 100 दिरहम का मासिक बोनस देने का वादा किया गया था।
मजदूरों ने बताया कि दुबई पहुंचने के बाद कंपनी ने अपने वादे पूरे नहीं किए। उन्हें न तो तय वेतन दिया गया और न ही रहने-खाने की सुविधाएं मिलीं। साथ ही, उन्हें वह काम भी नहीं दिया गया जिसके लिए उन्हें भर्ती किया गया था।
जब परेशान मजदूरों ने गोरखपुर की एजेंसी और दुबई की कंपनी से मदद मांगी, तो दोनों ने उनकी सहायता करने से इनकार कर दिया। संकट की इस घड़ी में उन्होंने मदद की गुहार लगाई, जिसके बाद सैयद आबिद हुसैन ने इस मामले में दखल दिया।
हुसैन ने यूएई में भारतीय दूतावास और भारत सरकार के विदेश मंत्रालय (MEA) से संपर्क कर इन मजदूरों की सुरक्षित वापसी के लिए तत्काल आधिकारिक मदद की मांग की। विदेश मंत्रालय, भारतीय दूतावास और सैयद आबिद हुसैन के बीच हुए समन्वय के बाद उनकी वापसी की प्रक्रिया पूरी हुई।
भारत लौटने के बाद अंकुर राजभर और जितेंद्र कुमार ने इस मुश्किल समय में साथ देने के लिए सैयद आबिद हुसैन, भारतीय दूतावास और विदेश मंत्रालय के प्रति अपना आभार जताया है।