Dubai Ruler के भाई Sheikh Ahmed का हुआ निधन, सरकार ने किया 10 दिनों के शोक का ऐलान.

दुबई के शासक के परिवार से जुड़ी एक बहुत बड़ी और दुखद खबर सामने आई है। दुबई के शासक Sheikh Mohammed bin Rashid Al Maktoum के भाई Sheikh Ahmed bin Rashid Al Maktoum का निधन हो गया है। इस खबर के सामने आने के बाद पूरे यूएई में शोक की लहर दौड़ गई है। भारत के विदेश मंत्री S Jaishankar और प्रधानमंत्री Narendra Modi ने इस मुश्किल समय में शाही परिवार और दुबई के लोगों के प्रति गहरी संवेदना व्यक्त की है। यूएई सरकार ने आधिकारिक तौर पर 10 दिनों के शोक की घोषणा कर दी है, जिसके चलते इस दौरान देश भर में झंडे आधे झुकाए रहेंगे।
10 दिनों का आधिकारिक शोक और झंडे रहेंगे आधे झुके
दुबई मीडिया ऑफिस के मुताबिक, Sheikh Mohammed bin Rashid Al Maktoum की कोर्ट ने यह औपचारिक जानकारी दी कि Sheikh Ahmed bin Rashid Al Maktoum का निधन सोमवार की सुबह हुआ। उनकी उम्र 76 वर्ष थी। इस दुखद घटना के बाद दुबई प्राधिकरण ने तुरंत प्रभाव से 10 दिनों के आधिकारिक शोक का ऐलान किया। इस पूरे शोक काल के दौरान यूएई में सभी सरकारी इमारतों और महत्वपूर्ण स्थानों पर झंडे आधे झुके रहेंगे। दुबई के शासक ने भी अपने भाई को बेहद करीब से याद करते हुए एक निजी श्रद्धांजलि अर्पित की, जिसे लोग सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर देख रहे हैं।
पीएम मोदी और विदेश मंत्री जयशंकर ने जताया गहरा दुख
भारत सरकार की तरफ से भी इस निधन पर गहरा दुख जताया गया है। भारत के विदेश मंत्री S Jaishankar ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लिखा कि वह Sheikh Ahmed bin Rashid Al Maktoum के जाने से बेहद दुखी हैं और उनके विचार इस वक्त शाही परिवार और दुबई की जनता के साथ हैं। इसके अलावा प्रधानमंत्री Narendra Modi ने भी अपने संदेश में कहा कि समाज के लिए किए गए उनके काम और योगदान को आने वाली कई पीढ़ियां हमेशा याद रखेंगी। पीएम मोदी ने शाही परिवार को ढांढस बंधाते हुए उनकी आत्मा की शांति के लिए प्रार्थना की है।
कौन थे Sheikh Ahmed bin Rashid Al Maktoum
दिवंगत Sheikh Ahmed bin Rashid Al Maktoum, दुबई के दिवंगत शासक Sheikh Rashid Bin Saeed Al Maktoum के चौथे और सबसे छोटे बेटे थे। उनके पास कई बड़े और महत्वपूर्ण प्रशासनिक पद थे। उन्होंने दुबई पुलिस और पब्लिक सिक्योरिटी के डिप्टी चेयरमैन के रूप में काम किया था। इसके अलावा वह A.R.M. Holding के ग्रुप चेयरमैन भी थे और लंबे समय तक Al Wasl Sports Club के अध्यक्ष पद की जिम्मेदारी भी संभाली थी। अल वास्ल स्पोर्ट्स क्लब की वेबसाइट पर दी गई जानकारी के मुताबिक, उन्होंने प्रसिद्ध Royal Military Academy Sandhurst से पढ़ाई पूरी की थी और उसके बाद दुबई स्थित सेंट्रल मिलिट्री बेस पर अपनी सेवाएं दी थीं। वहां वह बेस के कमांडर इन चीफ के पद तक पहुंचे थे।
घुड़दौड़ और खेल जगत में अहम योगदान
खेल के क्षेत्र में भी उनका योगदान बहुत बड़ा माना जाता है। नब्बे के दशक की शुरुआत में उन्होंने यूएई में घुड़दौड़ के खेल को बढ़ावा देने के लिए Jebel Ali racecourse की स्थापना की थी। खेल प्रेमियों के बीच उनकी एक अलग पहचान थी और उन्होंने पूरे 60 वर्षों तक अल वास्ल स्पोर्ट्स क्लब के अध्यक्ष के रूप में अपनी सेवाएं दीं। उनके निधन से न सिर्फ शाही परिवार को बल्कि यूएई के खेल और प्रशासनिक जगत को भी एक बड़ी क्षति पहुंची है, जिसे आसानी से भरा नहीं जा सकता है।