Turkish President Erdogan ने इसराइल को बताया युद्ध का शौकीन, सीरिया में सैन्य विस्तार पर नेतन्याहू ने दी चेतावनी.

मध्य पूर्व में तनाव लगातार बढ़ता जा रहा है और हाल ही में तुर्की के राष्ट्रपति Recep Tayyip Erdogan ने इसारइली सरकार पर बड़ा हमला बोला है। उन्होंने इसराइल की सरकार को युद्ध का शौकीन करार दिया और क्षेत्र में अशांति फैलाने का आरोप लगाया है। यह बयान उन्होंने 28 अगस्त 2026 को इस्तांबुल में 'Mevlid-i Nebi Week Program' के दौरान दिया था, जिसमें उन्होंने मुस्लिम देशों से एकजुट होने की अपील भी की।
इसराइल और तुर्की के बीच बढ़ता तनाव
तुर्की के राष्ट्रपति ने अपने भाषण के दौरान कहा कि इसराइल की नीतियां क्षेत्र को तबाह कर रही हैं। उन्होंने लेबनान में हुए हमलों का जिक्र करते हुए बताया कि इन सैन्य अभियानों की वजह से करीब 1.3 million लोग बेघर हो गए हैं। इसके अलावा 4,000 से ज्यादा लोगों की मौत हो चुकी है जिनमें ज्यादातर महिलाएं और बच्चे शामिल हैं, जबकि 12,000 से अधिक लोग घायल हुए हैं। उन्होंने ज़ायनिज्म को एक उग्र और कब्जा करने वाली विचारधारा बताया।
नेतन्याहू की कड़ी चेतावनी
तुर्की के बयानों के बाद इसराइल के प्रधानमंत्री Benjamin Netanyahu ने भी तुरंत प्रतिक्रिया दी। उन्होंने 28 अगस्त 2026 को ही तुर्की को सीरिया में अपनी सैन्य ताकत बढ़ाने को लेकर कड़ी चेतावनी जारी की। प्रधानमंत्री नेतन्याहू ने साफ किया कि इसराइल अपनी सुरक्षा को लेकर बहुत सख्त है और वह सीरियाई क्षेत्र में तुर्की के दक्षिण की ओर किसी भी तरह के सैन्य विस्तार को बिल्कुल बर्दाश्त नहीं करेगा।
कानूनी और कूटनीतिक टकराव
दोनों देशों के बीच यह तनातनी सिर्फ जुबानी जंग तक सीमित नहीं है। इससे पहले 27 अगस्त 2026 को तुर्की ने प्रधानमंत्री नेतन्याहू और एक इसराइली सैनिक के खिलाफ Interpol Red Notice जारी करने की मांग की थी। यह कदम सितंबर 2025 में गाजा जा रहे एक सहायता बेड़े पर रोक लगाने और उस दौरान हुई हिंसा के मामलों को लेकर उठाया गया था, जिसमें नरसंहार और प्रताड़ना जैसे गंभीर आरोप शामिल हैं। इसके अलावा संयुक्त राष्ट्र में तुर्की के प्रतिनिधि Ahmet Yildiz ने भी सीरिया के अबू अल-धुहुर एयरबेस पर हुए इसराइली हमलों की कड़ी निंदा की थी।
क्षेत्रीय कूटनीति और अमेरिका की भूमिका
इस बीच कूटनीतिक स्तर पर हालात संभालने की कोशिशें भी जारी हैं। जॉर्डन में 26 अगस्त 2026 को मोसाद के प्रमुख Roman Goffman और सीरिया के विदेश मंत्री Asaad al-Shaibani के बीच एक गुप्त बैठक हुई, जिसका मकसद मामलों को शांत करना था। वहीं इसराइल के रक्षा मंत्री Israel Katz ने भी राष्ट्रपति एर्दोगन को सीरिया में किसी भी खतरनाक कदम से दूर रहने की चेतावनी दी है। दूसरी ओर अमेरिका ने स्थिति को नियंत्रित करने के लिए 24 अगस्त 2026 को सीरिया को आतंकवाद के प्रायोजक देशों की सूची से हटा दिया है।