ईरान के केशम द्वीप और बंदर लेंगेह में धमाके, अमेरिकी ड्रोन गिराने का दावा
ईरान के केशम द्वीप और बंदर लेंगेह में धमाकों की खबर आई है। IRGC ने अमेरिकी ड्रोन गिराने का दावा किया है, जिससे तनाव बढ़ गया है।

केशम द्वीप: ईरान के केशम द्वीप और बंदर लेंगेह पोर्ट सिटी में 2 नवंबर 2026 की शाम को कई जोरदार धमाकों की आवाजें सुनी गईं। स्थानीय रिपोर्टों के मुताबिक, इन धमाकों से इलाके में हड़कंप मच गया।
इस्लामिक रिपब्लिक न्यूज एजेंसी (IRNA) सहित सरकारी मीडिया ने पुष्टि की है कि धमाकों की आवाजें समुद्र की दिशा से आई थीं। हालांकि, ईरानी अधिकारियों ने अब तक इन धमाकों के स्रोत या प्रकृति को लेकर कोई आधिकारिक बयान जारी नहीं किया है।
घटना के समय द्वीप के ऊपर दो विमानों के उड़ने की बात स्थानीय निवासियों ने बताई है। 3 नवंबर 2026 तक किसी भी तरह के जान-माल के नुकसान या भौतिक क्षति की पुष्टि नहीं हुई है।
यह घटना ऐसे समय में हुई है जब तेहरान और वॉशिंगटन के बीच सैन्य तनाव लगातार बढ़ रहा है। इसी बीच, इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) ने दावा किया है कि उन्होंने होर्मुज जलडमरूमध्य के पास दो अमेरिकी MQM-170 टोही ड्रोन को इंटरसेप्ट किया और एक अमेरिकी MQ-9 ड्रोन को मार गिराया है।
IRGC के मुताबिक, यह कार्रवाई उन्नत इलेक्ट्रॉनिक युद्ध क्षमताओं और एक नए विकसित हवाई रक्षा तंत्र के जरिए की गई। अमेरिकी सरकार ने इस पर कोई आधिकारिक पुष्टि नहीं की है, लेकिन वॉल स्ट्रीट जर्नल की रिपोर्ट में अमेरिकी अधिकारियों के हवाले से हमले में अमेरिकी संलिप्तता के संकेत दिए गए हैं।
बताया जा रहा है कि यह घटना अमेरिका द्वारा लगाए गए एक स्व-घोषित स्ट्राइक मोरेटोरियम (हमलों पर रोक) की समय सीमा समाप्त होने के बाद हुई है। विश्लेषकों का कहना है कि अमेरिका में आगामी मध्यावधि चुनावों से पहले सैन्य कार्रवाई पर लगी पिछली पाबंदियां हट सकती हैं।
इस तनावपूर्ण स्थिति को संभालने के लिए कतर की मध्यस्थता में राजनयिक प्रयास जारी हैं।