बैंकॉक में खाड़ी-एशिया आर्थिक सहयोग पर GCC महासचिव ने दिया जोर

बैंकॉक (थाईलैंड): खाड़ी सहयोग परिषद (GCC) के महासचिव जासिम अल-बुदैवी ने बुधवार, 14 अक्टूबर 2026 को कहा कि खाड़ी देशों और एशियाई देशों के बीच आर्थिक साझेदारी लंबी अवधि के निवेश, वित्तीय एकीकरण और डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर के विकास के लिए एक अहम रणनीतिक स्तंभ है।
अल-बुदैवी यूनाइटेड नेशंस कॉन्फ्रेंस सेंटर में गल्फ-एशिया इकोनॉमिक फोरम के उद्घाटन के मौके पर बोल रहे थे। उन्होंने बताया कि वैश्विक आर्थिक बदलावों से निपटने और टिकाऊ विकास हासिल करने के लिए ऐसा सहयोग जरूरी है।
यह फोरम कुवैत बैंकिंग एसोसिएशन (KBA) और एशियन बैंकर्स एसोसिएशन (ABA) ने 2026 की अंतरराष्ट्रीय मुद्रा कोष (IMF) और विश्व बैंक समूह की वार्षिक बैठकों के साथ मिलकर आयोजित किया है। इसका मुख्य विषय "बैंकिंग, निवेश और डिजिटल इंफ्रास्ट्रक्चर" रखा गया है।
फोरम में तीन मुख्य रणनीतिक स्तंभों पर चर्चा हो रही है। इनमें कोर बैंकिंग और बैलेंस-शीट साझेदारी, सीमा-पार निवेश और पूंजी बाजार की आपसी जुड़ाव, और डिजिटल व एआई-आधारित वित्तीय इंफ्रास्ट्रक्चर शामिल हैं।
कार्यक्रम में कुवैत के वित्त मंत्री डॉ. यूसुफ़ अल-रफ़ाई, KBA के अध्यक्ष हमद अब्दुलमोहसेन अल-मरज़ूक, बैंगकॉक बैंक के प्रेसिडेंट चार्त्सिरी सोफोनपानिच और डिजिटल कोऑपरेशन ऑर्गनाइज़ेशन की महासचिव दीमा अलयाहया शामिल हैं। उद्योग प्रतिनिधियों में मरकज़ के सीईओ अली ख़लील पूंजी बाजार की आपसी जुड़ाव और डील फ्लो पर होने वाली चर्चा में हिस्सा ले रहे हैं।
फोरम से एक दिन पहले, 13 अक्टूबर 2026 को, अल-बुदैवी ने क्षेत्रीय संबंध मजबूत करने के लिए कई द्विपक्षीय बैठकें कीं। उन्होंने इंटरनेशनल फाइनेंस कॉर्पोरेशन (IFC) के मध्य पूर्व और मध्य एशिया के उपाध्यक्ष इमाद नजीब फख़ूरी से मुलाकात करके विशेषज्ञता के आदान-प्रदान पर बात की।
इसके अलावा उन्होंने IMF की कार्यकारी निदेशक डॉ. मोहम्मद अहमद मायत से बात की। इस बातचीत में GCC और विश्व बैंक समूह के बीच आर्थिक सहयोग बढ़ाने पर चर्चा हुई, ताकि क्षेत्र की वित्तीय चुनौतियों से निपटा जा सके।