पश्चिम एशिया के संघर्ष में छह भारतीयों की मौत और एक नाविक लापता, सऊदी और ओमान में तनाव के बीच बचाव कार्य जारी

नई दिल्ली: पश्चिम एशिया में बढ़ते क्षेत्रीय संघर्ष के बीच विदेश मंत्रालय ने छह भारतीय नागरिकों की मौत की पुष्टि की है। इस हिंसा और हमलों में एक भारतीय नाविक भी लापता बताया गया है। विदेश मंत्रालय के अतिरिक्त सचिव (खाड़ी) असीम आर. महाजन ने बताया कि सऊदी अरब, ओमान, इराक और यूएई में भारतीय मिशन भारतीयों को वापस लाने की कोशिशों में जुटे हैं।
28 फरवरी को संघर्ष शुरू होने के बाद से अब तक 3 लाख से ज्यादा भारतीय इस क्षेत्र से वापस लौट चुके हैं। एयर इंडिया और इंडिगो जैसी एयरलाइंस ने 24 अक्टूबर तक सऊदी अरब के लिए व्यावसायिक उड़ानें बंद कर दी हैं। यात्रियों को सलाह दी गई है कि वे बहरीन, कुवैत या कतर के रास्तों का इस्तेमाल करें।
10 अक्टूबर को रियाद के किंग खालिद इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर हूती मिसाइल हमले में हैदराबाद के मेहदीपटनम निवासी 46 वर्षीय आईटी प्रोफेशनल मोहम्मद यूसुफ अली की मौत हो गई। इस हमले में उनकी पत्नी समीरा और बेटी मरियम को मामूली चोटें आईं, जबकि उनके बेटे अमन और वसी गंभीर रूप से घायल हुए। सऊदी अधिकारियों के मुताबिक इस हमले में कुल 13 लोगों की मौत हुई और 300 से ज्यादा घायल हुए, जिनमें 11 भारतीय शामिल थे।
वहीं 11 अक्टूबर को ओमान के सोहार एंकरेज में निकारागुआ ध्वज वाले टैंकर एमटी पेट्रो डॉल्फिन पर ड्रोन हमला हुआ। जहाज पर मौजूद 11 भारतीय चालक दल के सदस्यों में से नौ को बचा लिया गया, लेकिन उत्तर प्रदेश के कुशीनगर के अमित सिंह और देवरिया के बीर बहादुर यादव लापता हैं। शिपिंग मंत्री सर्बानंद सोनोवाल ने बताया कि ओमान का कोस्ट गार्ड उनकी तलाश में सर्च ऑपरेशन चला रहा है।
इसके अलावा 13 अक्टूबर को सऊदी अरब के जिज़ान में क्रेन हादसे में 27 वर्षीय कशिरेड्डी राकेश की मौत हो गई। दूसरी ओर, एमटी वैल्थेरा टैंकर पर मौजूद भारतीय चालक दल सुरक्षित बचा रहा। विदेश मंत्री एस. जयशंकर ने मृतकों के प्रति संवेदना व्यक्त की है और रियाद में भारतीय दूतावास मदद पहुंचा रहा है।
संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद में भारत के स्थायी प्रतिनिधि पार्वतीनेनी हरीश ने जीसीसी देशों में रह रहे 1 करोड़ भारतीयों की सुरक्षा का मुद्दा उठाया। उन्होंने नागरिक बुनियादी ढांचे और भारतीय ध्वज वाले जहाज एमटी डीपी वर्ल्ड कावेरी पर हुए हमलों की निंदा की। राजदूत विपुल ने भारतीय नागरिकों से शांत रहने और दूतावास की हेल्पलाइन नंबरों का पालन करने की सलाह दी है।
सुरक्षा अलर्ट के बीच भारतीय नौसेना के प्रशिक्षण जहाज आईएनएस सुदर्शनि ने 16 और 17 अक्टूबर को ओमान के सलालाह में लोकायन-26 अभियान के तहत भारतीय प्रवासियों के 500 से अधिक सदस्यों की मेजबानी की।