खाड़ी देशों में बढ़ते तनाव के बीच छह भारतीयों की मौत और एक लापता, रियाद एयरपोर्ट पर हूती मिसाइल हमले में हैदराबाद का शख्स मारा गया

नई दिल्ली: खाड़ी क्षेत्र में बढ़ते संघर्ष के कारण छह भारतीय नागरिकों की जान चली गई है और एक व्यक्ति अब भी लापता है। विदेश मंत्रालय के अतिरिक्त सचिव (गल्फ) असीम आर. महाजन ने इस बात की पुष्टि की है। फरवरी 28 से अब तक इस क्षेत्र से 3 लाख से ज्यादा लोग जा चुके हैं।
सऊदी अरब, ओमान, इराक और यूएई में भारतीय मिशन स्थानीय अधिकारियों के साथ मिलकर लापता व्यक्ति की तलाश कर रहे हैं और मृतकों के शवों को वापस लाने की कोशिश में जुटे हैं।
10 अक्टूबर को सऊदी अरब के रियाद स्थित किंग खालिद इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर हूती विद्रोहियों ने मिसाइल हमला किया था। इस हमले में 13 लोगों की मौत हुई और 300 से ज्यादा लोग घायल हुए। मरने वालों में हैदराबाद के मेहदीपटनम के रहने वाले 46 वर्षीय आईटी प्रोफेशनल मोहम्मद यूसुफ अली भी शामिल थे।
इस हमले में यूसुफ अली के 18 साल के बेटे अमन और 16 साल के बेटे वसी गंभीर रूप से घायल हुए हैं। उनकी पत्नी समीरा और बेटी मरियम को मामूली चोटें आई हैं। इसके अलावा 11 अन्य भारतीय नागरिक घायल हुए हैं, जिनका इलाज चल रहा है। विदेश मंत्री एस. जयशंकर ने शोक जताया है और रियाद स्थित भारतीय दूतावास परिवार की मदद कर रहा है।
वहीं 11 अक्टूबर को ओमान के सोहार एंकरेज के पास निकारागुआ ध्वज वाले टैंकर एमटी पेट्रो डॉल्फिन पर ड्रोन हमला हुआ। जहाज पर सवार 11 भारतीय चालक दल के सदस्यों में से नौ को बचा लिया गया, लेकिन दो लापता हैं। लापता लोगों में कुशीनगर, उत्तर प्रदेश के अमित सिंह (20-25 वर्ष) और देवरिया के बीर बहादुर यादव (25-26 वर्ष) शामिल हैं। दोनों अपनी पहली समुद्री यात्रा पर थे। ओमान कोस्ट गार्ड और मस्कट में भारतीय दूतावास उनकी तलाश कर रहे हैं।
एक अन्य घटना 13 अक्टूबर को सऊदी अरब के जीजान में हुई, जहां क्रेन गिरने से तेलंगाना के 27 वर्षीय काशिरेड्डी राकेश की मौत हो गई।
संयुक्त राष्ट्र में भारत के स्थायी प्रतिनिधि पार्वतीनेनी हरीश ने जीसीसी देशों में रह रहे करीब 1 करोड़ भारतीयों की सुरक्षा पर जोर दिया है। उन्होंने नागरिक बुनियादी ढांचे और शिपिंग पर हमलों की निंदा की, जिसमें भारत के ध्वज वाले एमवी डीपी वर्ल्ड कावेरी भी शामिल था। उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा प्रस्तावित नाविक आपातकालीन सहायता नेटवर्क का भी जिक्र किया।
सुरक्षा कारणों से एयर इंडिया और इंडिगो जैसी बड़ी एयरलाइंस ने 24 अक्टूबर तक सऊदी अरब की उड़ानें निलंबित कर दी हैं। यात्रियों को अब बहरीन, कुवैत या कतर के रास्ते भेजा जा रहा है। भारतीय अधिकारियों ने लोगों को सतर्क रहने और संघर्ष वाले क्षेत्रों की वीडियो रिकॉर्डिंग न करने की सलाह दी है।