UAE से भारत लाया गया वांछित आतंकी हरविंदर कुमार, NIA ने लिया हिरासत में

भारत सरकार ने एक बड़ी कामयाबी हासिल करते हुए वांछित अपराधी हरविंदर कुमार (उर्फ सोनू बरनाला) को संयुक्त अरब अमीरात (UAE) से वापस भारत डिपोर्ट कर दिया है। पंजाब के नांगल में विश्व हिंदू परिषद (VHP) के नेता विकास प्रभाकर की हत्या के मामले में फरार चल रहे इस आरोपी को दिल्ली के इंदिरा गांधी अंतर्राष्ट्रीय हवाई अड्डे पर पहुंचते ही राष्ट्रीय जांच एजेंसी (NIA) ने हिरासत में ले लिया।
आतंकवादी साजिश का मुख्य हिस्सा था आरोपी
गृह मंत्रालय द्वारा दी गई जानकारी के अनुसार, अप्रैल 2024 में विकास प्रभाकर की हत्या एक सोची-समझी आतंकी साजिश का हिस्सा थी। इस हत्या का उद्देश्य सांप्रदायिक तनाव पैदा करना था। जांच में यह सामने आया है कि इस पूरी साजिश को पाकिस्तान स्थित बब्बर खालसा इंटरनेशनल (BKI) के प्रमुख वधवा सिंह (उर्फ बब्बर) ने अंजाम देने के लिए उकसाया था।
हरविंदर कुमार, जिसे NIA की चार्जशीट में सातवें आरोपी के रूप में दर्ज किया गया है, UAE में रहकर इस साजिश को वित्तीय और लॉजिस्टिक सहायता प्रदान कर रहा था। इस साजिश के पीछे जर्मनी में बैठे BKI ऑपरेटिव्स हरजीत सिंह और कुलबीर सिंह का भी हाथ बताया जा रहा है।
'प्रहार' पहल के तहत मिली बड़ी सफलता
इस सफल ऑपरेशन को सरकार की "प्रहार पहल" के तहत अंजाम दिया गया है। यह कार्यक्रम प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की आतंकवाद के प्रति 'जीरो टॉलरेंस' (शून्य सहिष्णुता) की नीति के अनुरूप, आतंकवादियों की वापसी की प्रक्रिया को तेज करने के लिए बनाया गया है।
इस मामले से जुड़ी मुख्य बातें:
- रेड कॉर्नर नोटिस: कुमार के खिलाफ 17 अप्रैल, 2026 को रेड कॉर्नर नोटिस जारी किया गया था।
- आधिकारिक अनुरोध: भारत सरकार द्वारा 19 जून, 2026 को औपचारिक अनुरोध किए जाने के बाद UAE अधिकारियों ने उसे सौंप दिया।
- NIA की कार्रवाई: NIA ने इस मामले में 9 मई, 2024 को केस दर्ज किया था और अब तक तीन चार्जशीट दाखिल की जा चुकी हैं।
हरविंदर कुमार की गिरफ्तारी के बाद अब उसे विशेष NIA अदालत में पेश किया जाएगा। गौरतलब है कि इससे पहले अगस्त 2026 में UAE में ही रहने वाले एक अन्य संदिग्ध, मनवीर राम को भी पकड़ा गया था।