रियाद के किंग खालिद एयरपोर्ट पर हूती विद्रोहियों के मिसाइल और ड्रोन हमलों में 17 लोगों की मौत और सैकड़ों घायल

Gautam Sahu16 October 20262 min read0 viewsSaudi
रियाद के किंग खालिद एयरपोर्ट पर हूती विद्रोहियों के मिसाइल और ड्रोन हमलों में 17 लोगों की मौत और सैकड़ों घायल

रियाद: सऊदी अरब की राजधानी रियाद के किंग खालिद इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर हूती विद्रोहियों ने भीषण हमले किए हैं। 7 अक्टूबर से 11 अक्टूबर के बीच हुए 20 मिसाइल और ड्रोन हमलों में अब तक 17 लोगों की जान जा चुकी है, जबकि 333 लोग घायल हुए हैं।

गठबंधन के प्रवक्ता तुर्की अल मलिकी ने गुरुवार को रियाद में एक प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान इन आंकड़ों की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि इन हमलों में सऊदी अरब के अलावा बांग्लादेश, अमेरिका, मिस्र, जॉर्डन, सीरिया, फिलिस्तीन और सूडान के नागरिक भी मारे गए हैं।

इस हमले में हैदराबाद का एक भारतीय आईटी प्रोफेशनल मोहम्मद यूसुफ अपनी पत्नी और तीन बच्चों के साथ मारा गया। यह हादसा 10 अक्टूबर को हुआ जब 10 ड्रोन, मिसाइलों और प्रोजेक्टाइल से हमला किया गया था। इसके बाद 11 अक्टूबर को हुए एक अन्य हमले में पाकिस्तान का एक नागरिक भी मारा गया।

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हूतियों ने अदन में राष्ट्रपति महल परिसर पर भी हमला किया, जिसमें सरकार से जुड़े पांच कर्मियों की मौत हो गई। वहीं, सऊदी नेतृत्व वाले गठबंधन ने मदीना क्षेत्र को निशाना बनाने वाली एक क्रूज मिसाइल को बीच में ही रोक लिया।

इन हमलों के कारण हवाई सेवाओं पर बुरा असर पड़ा है। एयर इंडिया और एयर इंडिया एक्सप्रेस ने रियाद, दम्माम और जेद्दा की उड़ानें 20 अक्टूबर तक रद्द कर दी हैं। इंडिगो ने रियाद, जेद्दा, दम्माम और मदीना की फ्लाइट्स 24 अक्टूबर तक निलंबित रखी हैं। इनके अलावा एतिहाद, एमिरेट्स, फ्लाईदुबई और एयर अरबिया ने भी कई रूट रद्द किए हैं। किंग खालिद एयरपोर्ट फिलहाल बंद है और यहां कामकाज अक्टूबर के मध्य तक स्थगित रहेगा।

सुरक्षा कारणों से 24 अक्टूबर को रियाद में होने वाला ईयू-जीसीसी शिखर सम्मेलन स्थगित कर दिया गया है। समुद्री सुरक्षा की स्थिति भी खराब हो रही है और रविवार से हॉर्मुज जलडमरूमध्य के आसपास कम से कम 10 जहाजों पर हमले की खबर है। ईरान की आईआरजीसी ने दावा किया है कि ओमान के पास एक माइन से टकराने के बाद 2,500 से ज्यादा कंटेनर ले जा रहा एक जहाज डूब गया।

संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद ने गुरुवार को एक सर्वसम्मत बयान जारी कर इन हमलों की निंदा की और सऊदी अरब के आत्मरक्षा के अधिकार का समर्थन किया। परिषद ने लाल सागर में शिपिंग को मिलने वाली धमकियों की भी आलोचना की।

क्षेत्रीय अस्थिरता के बीच यूएई के राष्ट्रपति शेख मोहम्मद बिन जायद ने किंग सलमान को संवेदनाएं भेजी हैं। वहीं, राजनयिक सलाहकार अनवर गरगाश ने खाड़ी देशों के बीच संयुक्त रक्षा व्यवस्था को मजबूत करने की अपील की है। आईएमएफ ने चेतावनी दी है कि ईरान के खिलाफ अमेरिका-इजरायल अभियान से उपजे इस संघर्ष के कारण खाड़ी देशों को लंबे समय तक आर्थिक नुकसान हो सकता है।

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