Saudi Arabia पर बड़ा हमला, हूती विद्रोहियों ने ऊर्जा संयंत्रों और नागरिक इलाकों को बनाया निशाना.

सऊदी अरब के दक्षिणी इलाकों में मंगलवार, 8 सितंबर 2026 को हूती विद्रोहियों ने बड़ा हमला बोल दिया। इस हमले में देश की ऊर्जा बुनियादी ढांचे और आम नागरिकों की जगहों को निशाना बनाया गया, जिससे वहां हड़कंप मच गया। ईरान समर्थित हूती समूह ने इस बमबारी को सटीक बताया और दावा किया कि इससे ऊर्जा सुविधाओं को भारी नुकसान पहुंचा है। इस घटना ने एक बार फिर से इस इलाके में तनाव को काफी बढ़ा दिया है, जिससे वहां रहने वाले आम लोगों और प्रवासियों की चिंताएं भी बढ़ गई हैं।
सऊदी ऊर्जा मंत्रालय और गठबंधन सेना का बयान
सऊदी ऊर्जा मंत्रालय ने इस बात की पुष्टि की है कि देश के दक्षिणी हिस्से में कई ऊर्जा संयंत्रों और यूटिलिटी सुविधाओं पर हमले किए गए। इन हमलों की वजह से कई जगहों पर भीषण आग लग गई और कुछ जगहों पर कामकाज को अस्थाई तौर पर रोकना पड़ा। आग पर काबू पाने और प्रभावित जगहों को सुरक्षित करने के लिए तुरंत विशेष टीमों को मैदान में उतारा गया। सऊदी के नेतृत्व वाली गठबंधन सेना के प्रवक्ता कर्नल तुर्की अल-मल्की ने इस हमले को बेहद खतरनाक और देश की संप्रभुता का खुला उल्लंघन बताया है। गठबंधन ने कड़ा रुख अपनाते हुए कहा है कि इस मिलिशिया को रोकने के लिए सभी जरूरी सैन्य कदम उठाए जाएंगे।
आम नागरिकों और बुनियादी ढांचे को नुकसान
सऊदी-नीत गठबंधन के अनुसार, इन हमलों में महिलाओं और बच्चों समेत कम से कम 73 नागरिक घायल हुए हैं। हूती मीडिया के मुताबिक, हमलों के मुख्य निशानों में आभा इंटरनेशनल एयरपोर्ट, किंग खालिद एयर बेस और सरकारी तेल कंपनी आरामको की आभा और जाजान स्थित संपत्तियां शामिल थीं। इससे एक दिन पहले यानी सोमवार, 7 सितंबर को यमन के उत्तरी जौफ प्रांत में एक जेल पर गठबंधन सेना का हवाई हमला हुआ था, जिसमें हूती दावों के अनुसार 11 लोगों की मौत हुई थी और 20 लोग लापता हो गए थे। उसी घटना के बाद यह पलटवार किया गया है, जिसने सीमा पार के संघर्ष को और भड़का दिया है।
विदेश मंत्रालय की अपील और अंतरराष्ट्रीय प्रतिक्रिया
इस पूरे मामले पर सऊदी विदेश मंत्रालय ने एक औपचारिक बयान जारी कर इन हमलों की कड़ी निंदा की है। मंत्रालय ने अंतरराष्ट्रीय समुदाय से अपील की है कि वे संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद के प्रासंगिक प्रस्तावों को लागू करें और अपनी जिम्मेदारी निभाएं ताकि इस तरह के हमलों को तुरंत रोका जा सके। जुलाई महीने के बाद से यमन संघर्ष में एक शांति का दौर देखा जा रहा था, लेकिन इस ताज़ा सीमा पार हिंसा ने उस शांति को तोड़ दिया है। इस संबंध में आधिकारिक जानकारी आप Saudi Press Agency (SPA) की वेबसाइट पर देख सकते हैं।