भारत और अजरबैजान के रिश्ते अब नई ऊंचाइयों पर पहुंचेंगे, विदेश मंत्री ने ऊर्जा और व्यापार में सहयोग पर दिया जोर
अजरबैजान के विदेश मंत्री ने भारत के साथ ऊर्जा, कृषि और व्यापार संबंधों को नई ऊंचाइयों पर ले जाने का भरोसा जताया है।

बाकू (अजरबैजान): अजरबैजान के विदेश मंत्री जेहुन बयरामोव ने भरोसा जताया है कि भारत के साथ उनके द्विपक्षीय संबंध अब और बेहतर स्तर पर पहुंच रहे हैं। उन्होंने ऊर्जा, फार्मास्यूटिकल्स, कृषि और लॉजिस्टिक कॉरिडोर जैसे क्षेत्रों में सहयोग की बढ़ती संभावनाओं का जिक्र किया।
विदेश मंत्री एस जयशंकर की बाकू यात्रा के दौरान हुई मुलाकात को बयरामोव ने बेहद मूल्यवान बताया। उन्होंने इस बातचीत को व्यापक और उत्पादक करार देते हुए कहा कि इसमें द्विपक्षीय, क्षेत्रीय और वैश्विक मुद्दों पर चर्चा हुई।
बयरामोव के मुताबिक यह मुलाकात पिछले महीने बिश्केक में हुए शंघाई सहयोग संगठन शिखर सम्मेलन के दौरान प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और अजरबैजान के राष्ट्रपति इल्हाम अलियेव के बीच हुई बातचीत का अगला चरण है।
व्यापारिक रिश्तों पर बात करते हुए उन्होंने बताया कि इस साल दोनों देशों के बीच व्यापार करीब 600 मिलियन अमेरिकी डॉलर तक पहुंच गया है। हालांकि, उन्होंने यह भी माना कि यह आंकड़ा दोनों देशों की वास्तविक आर्थिक क्षमता से अभी कम है।
मंत्री ने जानकारी दी कि भारत की ओएनजीसी ने अजरबैजान के एक बड़े तेल और गैस प्रोजेक्ट में अपनी हिस्सेदारी बढ़ाई है। इसके अलावा वर्तमान में 1,000 से ज्यादा भारतीय कंपनियां अजरबैजान में सक्रिय हैं।
अजरबैजान की रणनीतिक भौगोलिक स्थिति का लाभ उठाते हुए पूर्व, पश्चिम, उत्तर और दक्षिण कॉरिडोर को जोड़ने वाले प्रमुख ट्रांजिट नेटवर्क पर भी चर्चा हुई। इसके साथ ही कृषि और फार्मा सेक्टर को विकास के मुख्य क्षेत्रों के रूप में देखा जा रहा है।
सांस्कृतिक संबंधों के बारे में बताते हुए बयरामोव ने कहा कि बाकू और दिल्ली के बीच दो सीधी उड़ानें चल रही हैं। इस साल करीब 500 भारतीय छात्र अजरबैजान के उच्च शिक्षा संस्थानों में दाखिल हुए हैं और पिछले कुछ वर्षों में 30 से ज्यादा भारतीय फिल्मों की शूटिंग यहां हुई है।
दोनों विदेश मंत्रियों ने दक्षिण काकेशस की भू-राजनीतिक स्थितियों पर भी चर्चा की। इसमें आर्मेनिया और अजरबैजान के बीच शांति प्रयासों, मध्य पूर्व के तनाव और रूस-यूक्रेन युद्ध जैसे मुद्दे शामिल थे।
इससे पहले विदेश मंत्री एस जयशंकर ने राष्ट्रपति इल्हाम अलियेव से मुलाकात की। जयशंकर ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर लिखा कि उन्होंने राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू और पीएम मोदी का अभिवादन पहुंचाया और दोनों देशों के रिश्तों को मजबूत करने पर चर्चा की।