जॉर्डन के चर्च पर हुए हिंसक हमले में सात लोगों की मौत पर भारत ने जताया गहरा दुख और की कड़ी निंदा
जॉर्डन के एक चर्च पर हुए हिंसक हमले में 7 लोगों की मौत और 34 घायल हुए हैं, भारत ने इस घटना की कड़ी निंदा की है।

नई दिल्ली: जॉर्डन में एक चर्च पर हुए भीषण हमले में सात लोगों की जान चली गई और 34 अन्य लोग घायल हो गए हैं। भारत ने इस दुखद घटना की आधिकारिक तौर पर कड़ी निंदा की है।
विदेश मंत्रालय ने इस मामले पर अपना रुख साफ करते हुए कहा कि भारत इस त्रासदी के बाद जॉर्डन की सरकार और वहां के लोगों के साथ पूरी एकजुटता के साथ खड़ा है। यह हमला 23 और 24 अक्टूबर 2026 के बीच हुआ।
विदेश मंत्रालय के बयानों में इस बात पर जोर दिया गया है कि नई दिल्ली इस मुश्किल समय में जॉर्डन के अधिकारियों को अपना पूरा समर्थन दे रही है। भारत की विदेश नीति के तहत देश किसी भी लक्ष्य या स्थान पर होने वाले आतंकवाद के कृत्यों की लगातार निंदा करता रहा है।
पश्चिम एशिया में क्षेत्रीय स्थिरता भारत के राजनयिक प्रयासों का मुख्य केंद्र है। इस क्षेत्र में बड़ी संख्या में भारतीय प्रवासी रहते हैं, इसलिए शांतिपूर्ण संबंधों को बनाए रखना भारत के लिए रणनीतिक रूप से महत्वपूर्ण है।
धार्मिक स्वतंत्रता और सुरक्षा को लेकर भारत का कड़ा राजनयिक रुख उसके वैश्विक भागीदारों के साथ जुड़ाव का एक मुख्य हिस्सा है। जॉर्डन सरकार, अंतरराष्ट्रीय संस्थाएं और वहां के स्थानीय ईसाई समुदाय इस स्थिति पर नजर रखे हुए हैं।
फिलहाल इस हमले को अंजाम देने वालों की पहचान और उनके मकसद के बारे में जानकारी नहीं मिल पाई है। यह भी स्पष्ट नहीं है कि जॉर्डन में रहने वाले भारतीय नागरिकों पर इस घटना का कोई सीधा असर पड़ा है या नहीं। अब आगे की जानकारी जॉर्डन की कानून प्रवर्तन एजेंसियों और सरकारी अधिकारियों के खुलासे पर निर्भर करेगी।