भारत और न्यूजीलैंड के बीच फ्री ट्रेड एग्रीमेंट, एक महीने में होगा लागू.

भारत और न्यूजीलैंड के बीच होने वाला मुक्त व्यापार समझौता यानी Free Trade Agreement (FTA) बहुत जल्द लागू होने जा रहा है। न्यूजीलैंड के व्यापार और निवेश मंत्री Todd McClay ने यह जानकारी दी है। उन्होंने बताया कि दोनों देशों के बीच आधिकारिक नोटों का आदान-प्रदान करने की प्रक्रिया पर काम चल रहा है और यह ऐतिहासिक समझौता अगले एक महीने के भीतर पूरी तरह से लागू हो जाएगा। इस समझौते के लागू होने से दोनों देशों के बीच व्यापार के नए रास्ते खुलेंगे और आम लोगों के साथ-साथ कारोबारियों को भी बड़ा फायदा मिलेगा।
संसद में भारी बहुमत से पास हुआ समझौता
न्यूजीलैंड की संसद ने इस समझौते से जुड़े कानून को मंजूरी दे दी है। संसद में हुए मतदान के दौरान इस समझौते के पक्ष में 93 वोट पड़े जबकि विरोध में केवल 26 या 29 वोट आए। इसके बाद 17 सितंबर को इस पर आधिकारिक मुहर भी लग गई। मंत्री Todd McClay ने बताया कि भारतीय निर्यातकों को इस समझौते के पहले दिन से ही न्यूजीलैंड के बाजार में बिना किसी ड्यूटी या टैक्स के सामान भेजने की अनुमति मिल जाएगी। इससे दोनों देशों के बीच आर्थिक रिश्ते और अधिक मजबूत होंगे और आपसी व्यापार में तेजी आएगी।
इन क्षेत्रों के व्यापार को मिलेगा बढ़ावा
इस समझौते के तहत भारत से होने वाले निर्यात पर न्यूजीलैंड सरकार ने पहले ही दिन से टैक्स या टैरिफ को शून्य करने का फैसला किया है। मंत्री के अनुसार, आने वाले समय में केमिकल्स, फार्मास्यूटिकल्स यानी दवाइयों और मशीनरी के व्यापार में भारी बढ़ोतरी देखने को मिलेगी। इसके अलावा, सेवा क्षेत्र यानी सर्विसेज, खासकर Information and Communications Technology (ICT) के क्षेत्र में भी दोनों देश मिलकर आगे बढ़ेंगे। न्यूजीलैंड को भी उम्मीद है कि भारत के बाजार में उसके फूड प्रोडक्ट्स, मशीनरी और निवेश के लिए नए अवसर पैदा होंगे। दोनों देशों की सरकारों ने एक दूसरे पर भरोसा जताते हुए इस समझौते को एक 'विन-विन' स्थिति बताया है।
व्यापार को दोगुना करने का लक्ष्य और लोगों की आवाजाही
भारत और न्यूजीलैंड के बीच द्विपक्षीय व्यापार इस समय लगभग 4 अरब न्यूजीलैंड डॉलर का है। दोनों देशों के प्रधानमंत्री Narendra Modi और Christopher Luxon ने मिलकर साल 2030 तक इस व्यापार को दोगुना करने का बड़ा लक्ष्य रखा है। हालांकि, न्यूजीलैंड के विदेश मंत्रालय का मानना है कि यह आंकड़ा 7 अरब न्यूजीलैंड डॉलर तक भी पहुंच सकता है। इसके अलावा इस समझौते से दोनों देशों के बीच छात्रों, पेशेवरों, पर्यटकों और बिजनेस यात्रियों की आवाजाही भी आसान होगी। आने वाले एक साल के भीतर भारत और न्यूजीलैंड के बीच सीधी उड़ानें यानी डायरेक्ट फ्लाइट्स शुरू होने की भी उम्मीद है, जिससे दोनों देशों के लोग एक-दूसरे से और आसानी से जुड़ सकेंगे। इस बारे में अधिक जानकारी के लिए आप ANI की रिपोर्ट देख सकते हैं।