प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और पोलैंड के पीएम डोनाल्ड टस्क ने 2030 तक द्विपक्षीय व्यापार को दोगुना करने का लक्ष्य तय किया

पीएम मोदी और डोनाल्ड टस्क ने नई दिल्ली में मुलाकात कर 2030 तक द्विपक्षीय व्यापार को दोगुना करने और रक्षा सहयोग बढ़ाने का लक्ष्य रखा है।

Gautam Sahu22 October 20262 min read0 viewsWorld
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और पोलैंड के पीएम डोनाल्ड टस्क ने 2030 तक द्विपक्षीय व्यापार को दोगुना करने का लक्ष्य तय किया

नई दिल्ली: प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी और पोलैंड के प्रधानमंत्री डोनाल्ड टस्क ने नई दिल्ली में उच्च स्तरीय बैठक की। इस मुलाकात के दौरान दोनों देशों ने साल 2030 तक अपने द्विपक्षीय व्यापार को दोगुना करने का औपचारिक लक्ष्य रखा है।

यह दौरा इसलिए खास है क्योंकि 2010 के बाद पहली बार पोलैंड के प्रधानमंत्री भारत आए हैं। बैठक में दोनों नेताओं ने निवेश बढ़ाने और वैल्यू चेन को मजबूत करने के लिए यूरोपीय संघ-भारत मुक्त व्यापार समझौते (FTA) पर जल्द हस्ताक्षर, अनुसमर्थन और उसे लागू करने की वकालत की।

रणनीतिक साझेदारी के तहत रक्षा, ग्रीन टेक्नोलॉजी, स्पेस, सेमीकंडक्टर, आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, क्वांटम टेक्नोलॉजी और परमाणु ऊर्जा जैसे क्षेत्रों में सहयोग बढ़ाने पर चर्चा हुई। रक्षा क्षेत्र के लिए दोनों देशों ने एक डिफेंस इंडस्ट्री डायलॉग का प्रस्ताव रखा है, ताकि हथियारों के सह-विकास और सह-उत्पादन को बढ़ावा दिया जा सके।

GulfHindi की हर खबर सबसे पहलेJoin

यह कदम पिछले साल सितंबर में वारसॉ में हुई रक्षा पर आठवीं संयुक्त कार्य समूह की बैठक के बाद उठाया गया है। इसके साथ ही दोनों सरकारें वर्गीकृत जानकारी के आपसी संरक्षण और आदान-प्रदान के लिए एक समझौते को औपचारिक रूप देने की योजना बना रही हैं।

आर्थिक विकास को गति देने के लिए नई दिल्ली में भारत-पोलैंड बिजनेस फोरम का आयोजन किया गया, जिसके अगले सत्र बेंगलुरु में होंगे। प्रधानमंत्री टस्क के साथ वित्त और अर्थव्यवस्था मंत्री एंड्रज़ डोमांस्की और एक बड़ा व्यापारिक प्रतिनिधिमंडल भारत आया है। टस्क ने पोलैंड को मध्य और पूर्वी यूरोप में प्रवेश करने वाली भारतीय कंपनियों के लिए एक रणनीतिक गेटवे बताया।

प्रधानमंत्री मोदी ने पोलिश कंपनियों को भारत में अपना निवेश बढ़ाने का न्योता दिया। इस दौरान भारत ने यूक्रेन में शांति के लिए अंतरराष्ट्रीय प्रयासों के प्रति अपना समर्थन भी जताया।

दोनों नेताओं ने संयुक्त राष्ट्र सुरक्षा परिषद सहित वैश्विक संस्थानों में सुधारों पर बात की। साथ ही आतंकवाद और हिंसक उग्रवाद की साझा रूप से निंदा की गई।

Share:

Comments

Leave a comment