भारतीय क्रिकेट की चोटें खेल का हिस्सा: यूसुफ पठान का बड़ा बयान

दुबई (यूएई): भारतीय क्रिकेट टीम में चोटों का सिलसिला लगातार चर्चा में है। इसी बीच पूर्व भारतीय ऑलराउंडर यूसुफ पठान ने भारतीय क्रिकेट में बढ़ती चोटों पर अपनी राय रखी है। उनका कहना है कि व्यस्त क्रिकेट कैलेंडर में चोटें कई बार टाली नहीं जा सकतीं, लेकिन टीम मैनेजमेंट और BCCI खिलाड़ियों की देखभाल में कोई कसर नहीं छोड़ रहे।
यूसुफ पठान ने यह बात वर्ल्ड चैंपियनशिप ऑफ लीजेंड्स (WCL) के तीसरे सीज़न के दौरान कही। वे इस टूर्नामेंट में इंडिया चैंपियंस टीम का प्रतिनिधित्व कर रहे हैं। उनके मुताबिक़ खिलाड़ियों को चोट से उबरने के लिए ज़रूरी सहायता और सुविधाएं दी जा रही हैं।
चोटों से जूझती टीम, बढ़ती चिंता
इन दिनों भारतीय टीम कई अहम खिलाड़ियों की फिटनेस को लेकर परेशान है। हार्दिक पंड्या, ऋषभ पंत, हर्षित राणा और वरुण चक्रवर्ती जैसे खिलाड़ी हाल के दिनों में चोटिल हुए हैं। इससे आने वाले बड़े टूर्नामेंट और 2027 के वनडे विश्व कप की तैयारियों पर सवाल उठने लगे हैं। पठान ने माना कि खिलाड़ी इन चोटों से वापसी करेंगे और उन्हें उम्मीद है कि टीम और बोर्ड आगे भी बेहतरीन देखभाल जारी रखेंगे।
पठान का कहना था कि अधिकतर चोटें खेल के दौरान होने वाली दुर्घटनाएं होती हैं, जिन्हें पूरी तरह रोकना आसान नहीं। उन्होंने भरोसा जताया कि खिलाड़ी जल्द मैदान पर लौटेंगे।
WCL के अनुभव पर बात करते हुए पठान ने कहा कि पुराने खिलाड़ियों का एक साथ मैदान पर उतरना शानदार अनुभव है। इससे पुरानी यादें ताज़ा होती हैं और प्रशंसकों को अच्छा क्रिकेट देखने का मौका मिलता है। उन्होंने कहा कि सीज़न तीन में भी वे इस टूर्नामेंट का भरपूर आनंद ले रहे हैं।
मैदान पर इंडिया चैंपियंस का सफ़र मिला-जुला रहा है। टीम ने 3 अक्टूबर को ऑस्ट्रेलिया चैंपियंस को 46 रनों से हराकर शुरुआत की थी। इसके बाद इंग्लैंड चैंपियंस से 21 रनों की हार मिली। 10 अक्टूबर को साउथ अफ्रीका