पाकिस्तान में भारतीय दूतावास ने धूमधाम से मनाई दिवाली और बंदी छोड़ दिवस
पाकिस्तान स्थित भारतीय दूतावास ने दिवाली और बंदी छोड़ दिवस मनाया। अर्जेंटीना और स्विट्जरलैंड के राजदूतों ने भी दी शुभकामनाएं।

इस्लामाबाद (पाकिस्तान): पाकिस्तान में स्थित भारतीय दूतावास ने दिवाली और बंदी छोड़ दिवस का उत्सव बड़े उत्साह के साथ मनाया। दूतावास ने इस मौके पर आयोजित कार्यक्रमों की झलकियां साझा करते हुए सभी को इन दोनों त्योहारों की हार्दिक शुभकामनाएं दीं।
भारतीय दूतावास ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर उत्सव की तस्वीरें साझा कीं। पोस्ट में लिखा गया कि दूतावास में दिवाली और बंदी छोड़ दिवस का आनंदमय माहौल रहा और सभी को इस अवसर की बधाई दी गई।
इस बीच, भारत में अर्जेंटीना के राजदूत मारियानो कौसिनो ने भी दिवाली की शुभकामनाएं दीं। उन्होंने कहा कि यह रोशनी का त्योहार अंधकार पर प्रकाश की जीत का संदेश देता है और उन्होंने भारतीय लोगों के लिए कामना की कि रोशनी सभी अंधेरों को दूर करे।
भारत में तैनात स्विट्जरलैंड की राजदूत माया तिसाफी ने नई दिल्ली में अपनी दिवाली की तैयारियों की तस्वीरें साझा कीं। उन्होंने बताया कि उन्होंने अपने निवास को सजाने के लिए दिल्ली हाट से पारंपरिक दीये खरीदे हैं। दिल्ली में अपनी तीसरी दिवाली मना रही तिसाफी ने भारतीय मिठाइयों की लोकप्रियता का जिक्र करते हुए कहा कि हालांकि स्विट्जरलैंड को अपनी चॉकलेट पर गर्व है, लेकिन काजू कतली उसे कड़ी टक्कर देती है।
सेशेल्स के राष्ट्रपति पैट्रिक हर्मिनी ने भी हिंदू समुदाय और अन्य लोगों को दिवाली की बधाई दी। उन्होंने कहा कि दिवाली अंधकार पर प्रकाश, अज्ञान पर ज्ञान और विपरीत परिस्थितियों पर आशा की जीत का प्रतीक है।
राष्ट्रपति हर्मिनी ने सेशेल्स के सांस्कृतिक और आर्थिक विकास में भारतीय समुदाय के योगदान की सराहना की। उन्होंने बताया कि सेशेल्स इस साल अपनी आजादी के 50 साल पूरे कर रहा है, जो भारत के साथ पांच दशकों के राजनयिक संबंधों पर विचार करने का अवसर है। उन्होंने द्विपक्षीय सहयोग को मजबूत करने की प्रतिबद्धता दोहराते हुए हिंदू काउंसिल ऑफ सेशेल्स के प्रयासों की भी प्रशंसा की।