सऊदी अरब के एयरपोर्ट पर मिसाइल हमला और ओमान में ड्रोन अटैक से कई भारतीय नागरिक मारे गए और कुछ लापता हैं

Lov Singh19 October 20263 min read0 viewsExpat Issues
सऊदी अरब के एयरपोर्ट पर मिसाइल हमला और ओमान में ड्रोन अटैक से कई भारतीय नागरिक मारे गए और कुछ लापता हैं

रियाद: खाड़ी देशों में बढ़ते तनाव के बीच हुए अलग-अलग हमलों में कई भारतीय नागरिकों को अपनी जान गंवानी पड़ी है। सऊदी अरब के किंग खालिद इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर हुए मिसाइल हमले और ओमान के तट के पास एक टैंकर पर ड्रोन हमले में भारतीय नागरिक प्रभावित हुए हैं।

10 अक्टूबर को किंग खालिद इंटरनेशनल एयरपोर्ट के टर्मिनल पर हूती मिसाइल या उसके मलबे से हादसा हुआ। इस हमले में हैदराबाद के 46 वर्षीय आईटी प्रोफेशनल मोहम्मद यूसुफ अली की मौत हो गई। वह अपने परिवार के साथ उमराह के लिए यात्रा कर रहे थे।

इस हादसे में उनकी पत्नी समीरा और 11 साल की बेटी मरियम को मामूली चोटें आईं। वहीं उनके बेटों, 18 वर्षीय अमन और 16 वर्षीय वसी गंभीर रूप से घायल हुए हैं। उनके पैरों की उंगलियां कट गईं और घुटनों में गंभीर चोटें आईं, जिसके बाद डॉ सुलेमान अल हबीब अस्पताल में उनकी सर्जरी की गई। उनकी चाची अतिया सुल्ताना की भी सिर की चोट के कारण सर्जरी हुई है।

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रियाद स्थित भारतीय दूतावास ने मौत की पुष्टि की और परिवार के अनुरोध पर अंतिम संस्कार में शामिल हुआ। विदेश मंत्री एस जयशंकर ने शोक जताया है, जबकि एआईएमआईएम प्रमुख असदुद्दीन ओवैसी ने मदद की मांग की है। सऊदी अधिकारियों के मुताबिक एयरपोर्ट हमले में कुल 12-13 लोगों की मौत हुई और 300 से ज्यादा घायल हुए, जिनमें 11 भारतीय शामिल थे।

सुरक्षा कारणों से एयर इंडिया, एयर इंडिया एक्सप्रेस, इंडिगो और अकासा जैसी भारतीय एयरलाइनों ने 24 अक्टूबर तक रियाद, जेद्दा और दम्माम की उड़ानें निलंबित कर दी थीं।

दूसरी घटना 11 अक्टूबर को ओमान के सोहर एंकरेज के पास हुई, जहां निकारागुआ ध्वज वाले टैंकर एमटी पेट्रो डॉल्फिन पर ड्रोन हमला हुआ। जहाज पर मौजूद 11 भारतीय चालक दल के सदस्यों में से नौ को बचा लिया गया, लेकिन उत्तर प्रदेश के कुशीनगर के अमित सिंह और देवरिया के बीर बहादुर यादव अब भी लापता हैं।

लापता नाविकों के परिवारों ने आरोप लगाया है कि कप्तान ने ठीक से तलाश नहीं की और उनके बकाया वेतन का भुगतान नहीं किया गया था। ओमान कोस्ट गार्ड बचाव कार्य कर रहा है, जिसमें मस्कट स्थित भारतीय दूतावास और शिपिंग मंत्री सर्बानंद सोनोवाल सहयोग कर रहे हैं।

इसके अलावा, हॉर्मुज जलडमरूमध्य में एमटी वैल्थेरा पर हमला हुआ, जिसमें सभी भारतीय चालक दल सुरक्षित बच गए। भारत के ध्वज वाले एमवी डीपी वर्ल्ड कावेरी को भी पहले निशाना बनाया गया था।

विदेश मंत्रालय के अतिरिक्त सचिव (खाड़ी) असीम आर महाजन ने बताया कि 28 फरवरी से अब तक खाड़ी देशों की घटनाओं में छह भारतीयों की मौत हुई है और एक लापता है। इस दौरान 1.30 लाख से 3 लाख भारतीय वापस घर लौटे हैं। संयुक्त राष्ट्र में भारत के स्थायी प्रतिनिधि पर्वथनेनी हरीश ने सुरक्षा परिषद में जीसीसी देशों में रह रहे करीब 1 करोड़ भारतीयों की सुरक्षा का मुद्दा उठाया है।

एक अलग हादसे में 13 अक्टूबर को सऊदी अरब के जीजान में क्रेन से पाइप गिरने के कारण तेलंगाना के 27 वर्षीय कशिरेड्डी राकेश की मौत हो गई। वहीं, 16-17 अक्टूबर को ओमान के सलालाह में भारतीय नौसेना के आईएनएस सुदर्शनी ने 500 से अधिक प्रवासी भारतीयों की मेजबानी की।

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