ईरान ने इजरायल के साथ सीधे सैन्य टकराव की चेतावनी दी और कहा कि अब हालात बेहद नाजुक मोड़ पर पहुंच गए हैं

तेहरान: ईरान और इजरायल के बीच तनाव अब एक ऐसे गंभीर स्तर पर पहुंच गया है जहां दोनों देशों के बीच सीधा सैन्य टकराव हो सकता है। ईरानी संसदीय स्पीकर मोहम्मद बागर गालिबफ के वरिष्ठ सलाहकार मेहदी मोहम्मदी ने बुधवार को चेतावनी देते हुए कहा कि अब जीरो आवर के संकेत काफी बढ़ गए हैं।
मोहम्मदी ने अपने टेलीग्राम चैनल पर बताया कि दुश्मन के विमान इराक के ऊपर उकसावे वाली हरकतें कर रहे हैं। उन्होंने यह भी दावा किया कि कब्जे वाले इलाकों में रणनीतिक लचीलेपन के लिए सैन्य तैयारियां की जा रही हैं।
इससे पहले सोमवार को ऐसी खबरें आई थीं कि इजरायल के दर्जनों लड़ाकू विमानों ने एक बड़ा ऑपरेशन चलाया। ये विमान सीरिया और इराक के हवाई क्षेत्र से होते हुए 800 मील की दूरी तय कर ईरानी सीमा की ओर गए थे ताकि अपनी ताकत दिखा सकें।
अंतरराष्ट्रीय पर्यवेक्षकों के मुताबिक अमेरिका और इजरायल ने ईरान पर तीन दिनों के तीव्र हमले की योजना तैयार की है। इस योजना में ईरान के ऊर्जा बुनियादी ढांचे, परमाणु केंद्रों और ड्रोन व मिसाइल क्षमताओं को निशाना बनाने की बात कही गई है। यह हमला 3 नवंबर को होने वाले अमेरिकी मध्यावधि चुनावों के बाद किया जा सकता है।
तनाव के बीच अमेरिकी सेना ने बुधवार को ईरान के सिरिक पोर्ट पर एक एंटी-शिप मिसाइल लॉन्चर पर हमले की पुष्टि की है। अमेरिका का आरोप है कि इस लॉन्चर का इस्तेमाल होर्मुज जलडमरूमध्य में जहाजों को निशाना बनाने के लिए किया गया था।
वहीं सऊदी अरब में बुधवार को हुए हमलों में दममाम के किंग फहद इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर एक व्यक्ति की मौत हो गई और आठ लोग घायल हो गए। इसके अलावा शयबाह ऑयलफील्ड के पास ड्रोन के मलबे की वजह से दो और लोगों की जान चली गई।
होर्मुज जलडमरूमध्य में भारतीय नाविकों वाले एक कुवैती तेल टैंकर पर भी किसी प्रोजेक्टाइल से हमला हुआ। इस घटना के बाद कतर और फ्रांस ने समुद्री नेविगेशन में कोई रुकावट न डालने की अपील की है।
ईरानी विदेश मंत्री अब्बास अराघची ने कहा कि तेहरान शांतिपूर्ण समाधान के लिए प्रतिबद्ध है लेकिन देश अपनी रक्षा के लिए पूरी तरह तैयार है। रक्षा मंत्री अखलाघी ने भी अमेरिकी सैन्य गतिविधियों के खिलाफ चेतावनी जारी की है।
सांसद अहमद नादेरी ने संकेत दिया है कि नए सुप्रीम लीडर मुजतबा खामेनेई का प्रशासन ईरान की पुरानी परमाणु नीति पर दोबारा विचार कर सकता है। प्रेस टीवी को एक वरिष्ठ सुरक्षा अधिकारी ने बताया कि ईरान पूर्ण युद्ध के लिए तैयार है और किसी भी हमले या टारगेट किलिंग का जवाब बिना किसी रोक-टोक के देगा।