क्षेत्रीय तनाव के बीच ईरान के राष्ट्रपति ने कहा, पड़ोसी देशों के साथ विवाद सुलझाने को तैयार

Sushma Kumari17 September 20263 min read45 viewsWorld
क्षेत्रीय तनाव के बीच ईरान के राष्ट्रपति ने कहा, पड़ोसी देशों के साथ विवाद सुलझाने को तैयार

तेहरान में एक अहम बैठक के दौरान ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेज़ेशकियन ने बड़ा बयान देते हुए कहा है कि उनका देश अपने सभी पड़ोसी देशों के साथ बातचीत, आपसी समझ और सम्मान के जरिए सभी तरह के मतभेदों को पूरी तरह से सुलझाने के लिए तैयार है। उन्होंने क्षेत्र के सभी देशों से आपस में सहयोग बढ़ाने और मौजूदा अस्थिरता के कारणों को कम करने के लिए मिलकर काम करने का खुला आह्वान किया है।

इराक के नेताओं के साथ हुई अहम बैठक

ईरान सरकार के अंतरराष्ट्रीय समाचार नेटवर्क प्रेस टीवी से मिली जानकारी के मुताबिक, राष्ट्रपति मसूद पेज़ेशकियन ने यह बात इराक के पैट्रियटिक यूनियन ऑफ कुर्दिस्तान यानी पीयूके के प्रमुख बाफेल तलबानी के साथ हुई मुलाकात के दौरान कही। इस बैठक में दोनों नेताओं ने ईरान और इराकी कुर्दिस्तान के लोगों के बीच चले आ रहे ऐतिहासिक, सांस्कृतिक और सामाजिक संबंधों को बहुत महत्वपूर्ण बताया और इन्हें आगे भी बनाए रखने की बात कही।

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मुलाकात के दौरान ईरानी राष्ट्रपति ने अमेरिका और इस्राइल पर गंभीर आरोप लगाए। उन्होंने कहा कि बाहरी ताकतें जैसे अमेरिका और इस्राइल क्षेत्रीय देशों को कमजोर करने और उनके प्राकृतिक संसाधनों का गलत फायदा उठाने के लिए जानबूझकर आपस में विभाजन और संघर्ष को बढ़ावा दे रही हैं। राष्ट्रपति ने साफ शब्दों में कहा कि इस तरह के बुरे प्रयासों का मुकाबला करने के लिए इस क्षेत्र के सभी देशों को आपसी सहयोग और बातचीत का रास्ता अपनाना बहुत जरूरी है।

जायज मांगों पर बातचीत के लिए खुला है दरवाजा

राष्ट्रपति पेज़ेशकियन ने आगे कहा कि यदि किसी भी समूह की कोई जायज मांग है, तो ईरान हमेशा से बातचीत और आपसी सम्मान के दायरे में रहकर उन सभी मुद्दों को शांति से सुलझाने के लिए तैयार रहता है। उन्होंने पड़ोसी देशों से भी अपील की कि वे किसी भी तरह के अनुचित व्यवहार और अत्यधिक मांगों से बचें ताकि आपसी रिश्ते खराब न हों। उन्होंने मुस्लिम देशों के बीच साझा धार्मिक और सांस्कृतिक मूल्यों का जिक्र करते हुए कहा कि क्षेत्रीय समस्याओं का असली समाधान केवल आपसी सहयोग, बातचीत, निष्पक्षता और न्याय के जरिए ही निकाला जा सकता है।

इस बैठक में दोनों पक्षों ने ईरान और इराकी कुर्दिस्तान क्षेत्र के बीच आर्थिक और राजनीतिक संबंधों को और ज्यादा मजबूत करने पर भी खास जोर दिया। वहीं दूसरी और, बाफेल तलबानी ने ईरान को इराकी कुर्दिस्तान क्षेत्र का बहुत करीबी मित्र बताया और दोनों पक्षों के बीच आपसी सहयोग को लगातार बढ़ाने की अपनी मजबूत प्रतिबद्धता जताई।

सीमा सुरक्षा और आतंकवाद पर हुई चर्चा

बाफेल तलबानी ने सीमा सुरक्षा को बेहद महत्वपूर्ण बताते हुए कहा कि कुर्दिस्तान क्षेत्र से लगी ईरान की सीमा पर सुरक्षा को मजबूत करने के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे हैं। उन्होंने जानकारी दी कि ईरान और इराक के बीच पहले ही एक सुरक्षा समझौता हो चुका है जिसके तहत सीमावर्ती इलाकों में सक्रिय सरकार-विरोधी समूहों से सख्ती से निपटने और क्षेत्र में शांति व स्थिरता बढ़ाने के लिए ठोस कदम उठाए जा रहे हैं। आपको बता दें कि तलबानी के साथ ईरान एक आर्थिक टीम भी पहुंची थी जिसका मुख्य उद्देश्य दोनों तरफ व्यापार और आर्थिक सहयोग बढ़ाने के नए तरीकों पर विस्तार से चर्चा करना था।

दौरे के दौरान तलबानी ने ईरान के सुप्रीम नेशनल सिक्योरिटी काउंसिल के सचिव मोहसेन रेज़ाई के साथ भी एक महत्वपूर्ण बैठक की। मोहसेन रेज़ाई ने सीमा सुरक्षा को पुख्ता करने और आतंकवादी समूहों से कड़ाई से निपटने को अपनी पहली प्राथमिकता बताया। उन्होंने इराकी कुर्दिस्तान क्षेत्र में इस्राइल की बढ़ती गतिविधियों को लेकर भी कड़ी चेतावनी जारी की। अमेरिका के साथ संबंधों पर बात करते हुए रेज़ाई ने दो टूक कहा कि ईरान को अमेरिका की नीयत पर बिल्कुल भी भरोसा नहीं है और अगर वे विश्वास बहाल करना चाहते हैं, तो वॉशिंगटन को जमीन पर कुछ व्यावहारिक कदम उठाने ही होंगे। अंत में तलबानी ने ईरान के साथ आर्थिक, सुरक्षा और कूटनीतिक मोर्चे पर सहयोग को और आगे बढ़ाने का पूरा समर्थन किया।

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