मॉस्को में ईरान के राष्ट्रपति और कतर के अमीर ने ऊर्जा और द्विपक्षीय रिश्तों पर की चर्चा
ईरान के राष्ट्रपति और कतर के अमीर ने मॉस्को में मुलाकात कर ऊर्जा सहयोग और क्षेत्रीय सुरक्षा पर चर्चा की।

मॉस्को: ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेज़ेशकियन और कतर के अमीर शेख तमीम बिन हमद अल थानी ने 27 अक्टूबर 2026 को मॉस्को में मुलाकात की। यह बैठक आठवें गैस निर्यातक देशों फोरम (GECF) शिखर सम्मेलन के दौरान हुई, जिसमें दुनिया के बड़े प्राकृतिक गैस उत्पादक देश शामिल हुए थे।
ईरानी सरकारी मीडिया के मुताबिक, दोनों नेताओं ने तेहरान और दोहा के बीच मौजूदा रिश्तों की समीक्षा की। उन्होंने राजनीतिक, आर्थिक और ऊर्जा संबंधों को और गहरा करने पर जोर दिया ताकि आपसी सहयोग को मजबूत किया जा सके। बातचीत में आर्थिक और व्यापारिक आदान-प्रदान बढ़ाने और गैस निर्यात करने वाले देशों के बीच बेहतर तालमेल बनाने पर चर्चा हुई।
कतर के अमीर के कार्यालय ने बताया कि दोनों राष्ट्राध्यक्षों ने क्षेत्रीय घटनाक्रमों पर भी बात की। इसमें चल रही बातचीत की स्थिति, होर्मुज जलडमरूमध्य के हालात और ऊर्जा आपूर्ति से जुड़ी चिंताओं की समीक्षा की गई।
शिखर सम्मेलन के साथ-साथ कतर के ऊर्जा मामलों के राज्य मंत्री और कतरएनर्जी के सीईओ साद शेरिडा अल काबी ने ईरान के पेट्रोलियम कार्यवाहक मंत्री हामिद बोवरद से बातचीत की। मंत्री अल काबी ने चेतावनी दी कि खाड़ी क्षेत्र में किसी भी तरह की बाधा वैश्विक व्यापार और ऊर्जा सुरक्षा पर बुरा असर डाल सकती है, इसलिए ऊर्जा बुनियादी ढांचे की सुरक्षा जरूरी है।
राष्ट्रपति पेज़ेशकियन ने GECF शिखर सम्मेलन में अपने संबोधन के दौरान अमेरिका के एकतरफा प्रतिबंधों और खाड़ी में उसकी सैन्य मौजूदगी की आलोचना की। उन्होंने कहा कि ये कदम वैश्विक ऊर्जा पारगमन और आपूर्ति श्रृंखला के लिए खतरा हैं।
कतर के विदेश मंत्रालय के मीडिया और संचार विभाग के निदेशक इब्राहिम बिन सुल्तान अल हाशमी ने पुष्टि की कि ईरान और अमेरिका के बीच मध्यस्थता के प्रयास जारी हैं। कतर आपसी गैर-आक्रामकता पर आधारित एक नए क्षेत्रीय सुरक्षा ढांचे की वकालत कर रहा है।
इन राजनयिक प्रयासों से पहले 26 अक्टूबर को तेहरान में ईरान और मक्का समझौते वाले देशों—सऊदी अरब, पाकिस्तान और तुर्की के बीच चारतरफा बातचीत हुई थी, जिसका मुख्य केंद्र क्षेत्रीय शांति और सुरक्षा था।