अमेरिका की गाजर और छड़ी वाली नीति काम नहीं करेगी, जेडी वेंस के पत्र पर ईरान का जवाब

ईरान के संसद अध्यक्ष ने कहा कि अमेरिका की दबाव वाली नीति काम नहीं करेगी। उधर जेडी वेंस का पत्र मिलने के बाद बातचीत की कोशिशें जारी हैं।

Gautam Sahu29 October 20262 min read0 viewsWorld
अमेरिका की गाजर और छड़ी वाली नीति काम नहीं करेगी, जेडी वेंस के पत्र पर ईरान का जवाब

तेहरान: ईरान के संसद अध्यक्ष मोहम्मद बागर गालीबाफ ने साफ कर दिया है कि अमेरिका की 'गाजर और छड़ी' वाली नीति तेहरान पर कोई असर नहीं डालेगी। उन्होंने जोर देकर कहा कि शांति वार्ता में प्रगति तभी हो सकती है जब ईरान की सात शर्तों को स्वीकार किया जाए।

गालीबाफ ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म X पर लिखा कि ईरान की शर्तें मध्यस्थों को बार-बार और स्पष्ट रूप से बताई गई हैं। उन्होंने कहा कि जब तक ईरान की सात शर्तों पर सहमति नहीं बनती, तब तक कोई प्रगति नहीं हो सकती।

यह बयान ऐसे समय में आया है जब रिपोर्टों में कहा गया कि मध्यस्थों ने ईरान को चेतावनी दी है कि यदि उसने परमाणु रियायतें नहीं दीं, तो अमेरिका फिर से हवाई हमले कर सकता है। इसके बदले में वाशिंगटन कुछ प्रतिबंधों में ढील देने और ईरान की नौसैनिक नाकेबंदी खत्म करने के लिए तैयार बताया जा रहा है।

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दूसरी ओर, तस्नीम और फार्स समाचार एजेंसियों ने बताया कि तेहरान को अमेरिकी उपराष्ट्रपति जेडी वेंस का एक पत्र मिला है, लेकिन ईरान ने अभी तक इसका कोई जवाब नहीं दिया है।

द वॉल स्ट्रीट जर्नल के मुताबिक, राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के निर्देश पर जेडी वेंस ने यह पत्र ईरान के सुरक्षा प्रमुख मोहसेन रज़ई को भेजा था। इस कदम का मकसद बातचीत दोबारा शुरू करना और अमेरिका के और हमलों को रोकना है। रिपोर्ट के अनुसार, इस पत्र और अधिकारियों के बीच हुई बातचीत में शांति समझौते की सटीक शर्तों के बजाय बातचीत के लिए एक संभावित ढांचे तैयार करने पर ध्यान दिया गया है।

ये राजनयिक कोशिशें उस युद्ध के बीच हो रही हैं जो 28 फरवरी को ईरान पर अमेरिका और इजरायल के हमलों के साथ शुरू हुआ था। इन हमलों में पूर्व सर्वोच्च नेता अयातुल्ला अली खामेनेई और वरिष्ठ सैन्य कमांडर मारे गए थे।

इसी बीच, ईरान के सशस्त्र बलों ने दावा किया है कि होर्मुज जलडमरूमध्य से गुजरने की कोशिश के दौरान कम से कम तीन तेल टैंकरों में बारूदी सुरंगों की चपेट में आने से आग लग गई। यह दावा अमेरिकी सेना द्वारा जलमार्ग के मुख्य रास्तों को साफ करने की घोषणा के एक दिन बाद आया है।

इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्प्स (IRGC) ने बताया कि पिछले 24 घंटों में तीन टैंकर धमाके के बाद आग की चपेट में आ गए। IRGC के मुताबिक, इन जहाजों ने रडार और नेविगेशन सिस्टम बंद कर दिए थे और ईरानी नौसेना की चेतावनियों को नजरअंदाज कर एक अनधिकृत दक्षिणी रास्ते का इस्तेमाल किया था।

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