Iran Security Chief: ईरान ने अमेरिका के पेट्रोल वाली बात को बताया झूठ, कहा वीडियो में देख लो सच्चाई.

Nura Basta20 September 20262 min read2 viewsWorld
Iran Security Chief: ईरान ने अमेरिका के पेट्रोल वाली बात को बताया झूठ, कहा वीडियो में देख लो सच्चाई.

ईरान के संसद के राष्ट्रीय सुरक्षा आयोग के प्रमुख Ebrahim Azizi ने अमेरिका के उस दावे को पूरी तरह खारिज कर दिया है जिसमें पेट्रोल की कमी की बात कही गई थी। अमेरिका के ट्रेजरी सचिव Scott Bessent ने हाल ही में दावा किया था कि ईरान में लोग पेट्रोल के लिए लंबी लाइनों में तीन से चार घंटे खड़े रहते हैं। इस बात पर ईरान के अधिकारी ने कड़ा रुख अपनाया और अमेरिका के इन बयानों को पूरी तरह बेबुनियाद और झूठ करार दिया है।

अमेरिका का बयान और अमेरिकी ट्रेजरी सचिव की गवाही

यह पूरा विवाद 15 सितंबर 2026 को अमेरिकी हाउस फाइनेंशियल सर्विसेज कमेटी के सामने दी गई गवाही से शुरू हुआ था। इस दौरान अमेरिकी अधिकारी Scott Bessent ने कहा था कि कड़े प्रतिबंधों की वजह से ईरान के लोगों को पेट्रोल के लिए लंबी कतारों में तीन से चार घंटे इंतजार करना पड़ रहा है। उन्होंने इसे ईरान के खिलाफ सबसे बड़ा आर्थिक अलगाव अभियान बताया था। अमेरिकी पक्ष का कहना है कि आर्थिक पाबंदियों की वजह से आम जनता को ईंधन हासिल करने में भारी दिक्कतों का सामना करना पड़ रहा है और देश के भीतर हालात काफी खराब हो चुके हैं।

GulfHindi की हर खबर सबसे पहलेJoin

ईरान की तरफ से वीडियो सबूत और तीखी प्रतिक्रिया

अमेरिकी दावों का जवाब देते हुए Ebrahim Azizi ने 20 सितंबर 2026 को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर एक पोस्ट किया। उन्होंने ईरान प्रेस द्वारा जारी किए गए कुछ वीडियो फुटेज साझा किए जिनमें वाहन चालकों को देश के पेट्रोल पंपों पर मात्र 3 से 4 मिनट के भीतर अपनी गाड़ियों में ईंधन भरवाते हुए साफ देखा जा सकता है। इस बात की पुष्टि ईरानी मीडिया आउटलेट्स जैसे सबा न्यूज एजेंसी ने भी 18 सितंबर 2026 को अपनी रिपोर्ट में की थी। अपने इस जवाब में ईरानी अधिकारी ने अमेरिका को चेतावनी देते हुए कहा कि पिछला सबक सीख लें और कोई गलत गणना न करें वरना सशस्त्र बल ऐसा सबक सिखाएंगे जिसे कभी नहीं भूलेंगे।

ईरान में घरेलू ईंधन प्रबंधन और उत्पादन का हाल

दूसरी तरफ ईरान के भीतर सरकार ईंधन के प्रबंधन और खपत को नियंत्रित करने के लिए लगातार नए कदम उठा रही है। सरकार ने 8 सितंबर 2026 से एक नया टियरड प्राइसिंग सिस्टम लागू किया है, जो सबसे ज्यादा पेट्रोल खर्च करने वाले 15 प्रतिशत उपभोक्ताओं पर असर डाल रहा है। अब इन लोगों को प्रति माह 110 लीटर से ज्यादा पेट्रोल खरीदने पर दोगुना शुल्क चुकाना पड़ रहा है। यह कदम देश में ईंधन के उत्पादन और मांग के बीच के अंतर को पाटने के लिए उठाया गया है क्योंकि वर्तमान में देश का घरेलू उत्पादन लगभग 121 मिलियन लीटर प्रतिदिन है जबकि कुल मांग 135 मिलियन लीटर प्रतिदिन बनी हुई है। ईंधन की इस कमी को युद्ध के नुकसान और आयात पर लगी पाबंदियों के कारण और ज्यादा बढ़ावा मिला है जिस पर अधिकारियों ने पहली बार 16 अगस्त 2026 को विचार किया था।

Share:

Comments

Leave a comment