इसराइल ने लेबनान के अरब सलीम में दिया खाली करने का आदेश, हिजबुल्लाह के ड्रोन हमले के बाद बिगड़े हालात.

लेबनान के दक्षिणी नबातिएह इलाके में इसराइली सेना ने बड़ा कदम उठाते हुए एक इमारत और उसके आसपास के लोगों को तुरंत जगह छोड़ने का फरमान जारी किया। रविवार, 6 सितंबर 2026 को यह आदेश सामने आया जब इसराइली सेना की तरफ से आसन्न सैन्य हमले की चेतावनी दी गई। इस घटना ने एक बार फिर से उस इलाके के हालात को तनावपूर्ण बना दिया है जहां कुछ समय पहले ही शांति देखने को मिल रही थी।
इसराइली सेना का आधिकारिक बयान और चेतावनी
इसराइली रक्षा बलों यानी IDF की अरबी भाषा की प्रवक्ता Lt. Col. Ella Waweya ने जानकारी दी कि यह खाली करने की चेतावनी खास तौर पर एक इमारत और उससे जुड़े क्षेत्र के लिए थी। स्थानीय नागरिकों को निर्देश दिया गया कि वे उस संदिग्ध स्थल से कम से कम 300 मीटर की दूरी पर चले जाएं। सेना का दावा है कि वह इमारत हिजबुल्लाह संगठन से जुड़ी हुई थी और वहां से गतिविधियां संचालित हो रही थीं।
सीजफायर समझौते का उल्लंघन और ड्रोन हमला
यह पूरी कार्रवाई उस रिपोर्ट के बाद शुरू हुई जिसमें IDF ने बताया कि हिजबुल्लाह ने एक तय सुरक्षा क्षेत्र के भीतर काम कर रहे इसराइली सैनिकों पर दो ड्रोन दागे थे। इसराइली पक्ष ने इस ड्रोन लॉन्च को मौजूदा संघर्षविराम समझौते का खुला उल्लंघन करार दिया। इसके तुरंत बाद दक्षिणी लेबनान में इसराइली सेना ने जवाबी कार्रवाई करते हुए हमले शुरू कर दिए और अरब सलीम में स्थित उस ठिकाने को निशाना बनाया जिसे हिजबुल्लाह से जोड़ा जा रहा था।
क्षेत्रीय शांति पर असर
इस ताजा सैन्य escalation से क्षेत्रीय स्थिति में अचानक बदलाव आया है। इससे पहले जून महीने में अमेरिका और ईरान के बीच हुए एक समझौता ज्ञापन तथा इसराइल और लेबनान के बीच बने फ्रेमवर्क समझौते के बाद इलाके में कुछ समय के लिए शांति का माहौल बना हुआ था। इस पूरी घटना की जानकारी सबसे पहले Al Jazeera English द्वारा 6 सितंबर 2026 को लगातार कवरेज के दौरान सामने लाई गई थी, जिससे दुनिया भर में इस नए तनाव की खबर फैली।