सीरिया के देरा स्थित जमला गांव में इजरायली सेना की घुसपैठ के बाद रिहायशी इलाकों में अंधाधुंध फायरिंग की खबरें

दमिश्क: सीरिया के दक्षिण-पश्चिमी इलाके देरा के जमला गांव में इजरायली सेना ने घुसपैठ की है। सीरियाई सरकारी मीडिया की 22 अक्टूबर 2026 की रिपोर्ट के मुताबिक, इजरायली सैनिकों ने आम लोगों के घरों की छतों पर स्नाइपर्स तैनात किए और रिहायशी इलाकों में अंधाधुंध फायरिंग की।
इस क्षेत्र में पूरे हफ्ते सैन्य हलचल देखी जा रही है। इससे पहले 21 अक्टूबर को सीरियाई सरकारी मीडिया और सीरियाई ऑब्जर्वेटरी फॉर ह्यूमन राइट्स ने बताया था कि इजरायली सेना का एक पेट्रोल वादी अल-रकाद के बाहरी इलाके में मुजाहिम रूम के पास पश्चिमी देरा ग्रामीण क्षेत्र में दाखिल हुआ था।
इसी दौरान इजरायली सेना सात सैन्य वाहनों और दो टैंकों के साथ कुनेत्रा प्रांत के उत्तरी ग्रामीण इलाके में भी आगे बढ़ी। रिपोर्ट के अनुसार, सेना ने पूर्व गवर्नर कार्यालय के मुख्यालय के पास अपनी पोजीशन बना ली है।
इलाके में तनाव काफी समय से बना हुआ है। 20 अक्टूबर 2026 को इंटरनेशनल कमेटी ऑफ द रेड क्रॉस (ICRC) के एक प्रतिनिधिमंडल ने संयुक्त राष्ट्र की टीम के साथ जमला का मानवीय दौरा किया था।
सीरियाई विदेश मंत्रालय ने कुनेत्रा और देरा में इजरायली घुसपैठ की कड़ी निंदा की है। मंत्रालय का कहना है कि ये कार्रवाई सीरिया की संप्रभुता का उल्लंघन है और 1974 के डिसइंगेजमेंट समझौते के खिलाफ है।
दूसरी तरफ इजरायल का तर्क है कि दक्षिणी सीरिया में उसके सैन्य अभियान जरूरी हैं ताकि उसकी सीमाओं के पास दुश्मन समूहों को पनपने से रोका जा सके। सीरियाई सरकार ने अंतरराष्ट्रीय समुदाय से संयुक्त राष्ट्र के प्रस्तावों को लागू करने और इजरायली सेना की पूरी वापसी की मांग की है।