पीएम मोदी के 25 साल पूरे होने पर भूटान में जला 'आशीर्वाद का दिया', एस जयशंकर हुए शामिल.

भारतीय विदेश मंत्री S Jaishankar इन दिनों भूटान के आधिकारिक दौरे पर हैं और इस दौरान उन्होंने प्रधानमंत्री Narendra Modi के सार्वजनिक जीवन के 25 साल पूरे होने पर थिंपू में आयोजित एक विशेष कार्यक्रम में हिस्सा लिया। भूटान की राजधानी थिंपू के ऐतिहासिक ताशिशो द्जोंग में 'आशीर्वाद का दिया' जलाने का यह कार्यक्रम आयोजित किया गया था, जिसमें भूटान के राजा Jigme Khesar Namgyel Wangchuck और भूटान के प्रधानमंत्री Tshering Tobgay भी विशेष रूप से मौजूद रहे। इस खास मौके पर दोनों देशों के बीच के रिश्ते और अधिक मजबूत नजर आए और भारत के साथ-साथ भूटान के कई बड़े नेता भी इस कार्यक्रम में शामिल हुए।
भूटान में प्रधानमंत्री मोदी के कार्यों को किया गया याद
विदेश मंत्री एस जयशंकर ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म एक्स पर जानकारी साझा करते हुए बताया कि उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के 25 साल की समर्पित जनसेवा को श्रद्धांजलि दी है, जिसने दुनिया भर के अनगिनत लोगों के जीवन पर गहरा प्रभाव डाला है। इस कार्यक्रम में भूटान के विदेश मंत्री D N Dhungyel, भारत के कई खास दोस्त और बड़ी संख्या में भारतीय समुदाय के लोग भी उपस्थित रहे। विदेश मंत्री की इस यात्रा से दोनों पड़ोसी देशों के बीच आपसी भाईचारा और सांस्कृतिक जुड़ाव और अधिक प्रगाढ़ हुआ है। इस संबंध में अधिक जानकारी के लिए आप डॉ. एस जयशंकर का आधिकारिक एक्स पोस्ट देख सकते हैं।
भारत और भूटान के बीच डिजिटल पेमेंट और छात्रवृत्ति पर बड़ा कदम
इस आधिकारिक यात्रा के दौरान दोनों देशों के बीच कई अन्य महत्वपूर्ण समझौतों और योजनाओं पर भी काम किया गया। एस जयशंकर और भूटान के प्रधानमंत्री त्शेरिंग तोब्गे ने भारत आने वाले भूटानी नागरिकों के लिए इंटरनेशनल UPI के दूसरे चरण की शुरुआत की, जिससे दोनों देशों के बीच दोतरफा डिजिटल पेमेंट कनेक्टिविटी पूरी हो गई है। इसके अलावा, दोनों नेताओं की मौजूदगी में भारतीय संस्थानों में उच्च शिक्षा प्राप्त करने वाले भूटानी छात्रों के लिए नेहरू वांगचुक छात्रवृत्ति योजना को आगे बढ़ाने से जुड़े समझौता ज्ञापन का आदान-प्रदान भी किया गया। इन सभी पहलों के बारे में विस्तार से जानने के लिए यह आधिकारिक एक्स अपडेट पढ़ा जा सकता है।
ई-मोबिलिटी और कृषि क्षेत्र को बढ़ावा देने के लिए मिला समर्थन
भूटान के दौरे के दौरान भारतीय विदेश मंत्री ने भारत में बने 54 इलेक्ट्रिक वाहन भूटानी प्रधानमंत्री को सौंपे, जिससे यह साफ होता है कि भारत भूटान में पर्यावरण के अनुकूल परिवहन और ई-मोबिलिटी को आगे बढ़ाने में पूरा सहयोग कर रहा है। इससे पहले बुधवार को यात्रा के दौरान एस जयशंकर ने भूटान के डेयरी सेक्टर को मजबूत करने के लिए 43 प्योरलाइन जर्सी गायें भी सौंपी थीं। अपनी इस यात्रा के दौरान उन्होंने बामथंग में ऐतिहासिक वांगचूचोलिंग पैलेस का दौरा किया और पवित्र कुर्जी ल्हाखांग में प्रार्थना भी की। विदेश मंत्री एस जयशंकर भूटान के विदेश और विदेश व्यापार मंत्री Dhungyel के निमंत्रण पर 16 से 17 सितंबर तक भूटान की आधिकारिक यात्रा पर रहे हैं।