जार्ड कुशनर का इजरायली सैन्य वित्तीय समूह से कनेक्शन आया सामने

Lov Singh1 October 20263 min read0 viewsEnglish
जार्ड कुशनर का इजरायली सैन्य वित्तीय समूह से कनेक्शन आया सामने

हाल ही में सामने आई एक मीडिया रिपोर्ट ने अमेरिकी राजनीति और मध्य पूर्व के कूटनीतिक हलकों में हलचल मचा दी है। एक बड़ी खोजी रिपोर्ट के अनुसार, पूर्व अमेरिकी राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के दामाद और मध्य पूर्व के पूर्व वार्ताकार जार्ड कुशनर (Jared Kushner) की एक ऐसी इजरायली वित्तीय कंपनी में बड़ी हिस्सेदारी है, जिसका पैसा सीधे तौर पर देश के रक्षा और सैन्य क्षेत्र में निवेश किया जा रहा है। इस खुलासे के बाद हितों के टकराव को लेकर एक बार फिर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं।

क्या है पूरा मामला और कैसे हुआ निवेश?

सीएनएन की इस विशेष रिपोर्ट में बताया गया है कि कुशनर की प्राइवेट इक्विटी फर्म 'एफिनिटी पार्टनर्स' (Affinity Partners) तेल अवीव स्थित 'फीनिक्स फाइनेंशियल' (Phoenix Financial) में सबसे बड़ी शेयरधारक है। गौर करने वाली बात यह है कि कुशनर की इस फर्म को सऊदी अरब के पब्लिक इन्वेस्टमेंट फंड से 2 अरब डॉलर का भारी-भरकम निवेश मिला था।

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रिपोर्ट के मुताबिक, फीनिक्स फाइनेंशियल ने इजराइल की सैन्य क्षमताओं का समर्थन करने वाली नौ कंपनियों में कम से कम 456 मिलियन डॉलर का निवेश किया है। इसमें से सबसे बड़ा हिस्सा यानी 265.1 मिलियन डॉलर का निवेश अकेले इजराइल की सबसे बड़ी हथियार निर्माता कंपनी 'एल्बिट सिस्टम्स' (Elbit Systems) में किया गया है।

निवेश और मुनाफे का बड़ा खेल

एफिनिटी पार्टनर्स ने राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप के शपथ ग्रहण से ठीक पहले, जनवरी 2025 में फीनिक्स में अपनी हिस्सेदारी को दोगुना कर लिया था। इसके बाद जुलाई 2026 में फर्म ने अपनी स्थिति का एक चौथाई हिस्सा 340 मिलियन डॉलर से अधिक में बेच दिया, जिससे उन्हें शुरुआती निवेश पर पांच गुना से ज्यादा का बंपर रिटर्न मिला।

इस भारी मुनाफे के बावजूद, कुशनर की फर्म के पास अभी भी फीनिक्स में 1 अरब डॉलर से अधिक की हिस्सेदारी बची हुई है। खुद कुशनर इस फर्म को अपना 'सबसे अच्छा निवेश' मान चुके हैं।

नैतिकता और हितों के टकराव पर उठे सवाल

चूंकि जार्ड कुशनर वर्तमान में राष्ट्रपति के लिए एक स्वयंसेवक दूत (volunteer envoy) के रूप में काम कर रहे हैं, इसलिए उन्हें औपचारिक सरकारी अधिकारियों की तरह कड़े वित्तीय खुलासे करने की आवश्यकता नहीं होती है।

वॉशिंगटन स्थित 'सिटिज़न्स फ़ॉर रिस्पॉन्सिबिलिटी एंड एथिक्स' (CREW) की मुख्य नैतिकता परामर्शदाता सिंथिया ब्राउन ने इस व्यवस्था की कड़ी आलोचना की है। उनका कहना है कि जो लोग नीतिगत फैसले ले रहे हैं, उन्हें उन फैसलों या संबंधित क्षेत्रों से एक ही समय में मुनाफा कमाने की अनुमति नहीं होनी चाहिए।

कानूनी और आधिकारिक पक्ष

हालांकि रिपोर्ट में इस बात का कोई सीधा सबूत नहीं मिला है कि कुशनर के कूटनीतिक कामों ने इन निवेशों को प्रभावित किया हो या इसके विपरीत कुछ हुआ हो, लेकिन मध्य पूर्व की राजनीति में उनकी भूमिका को लेकर संदेह जरूर पैदा हो गया है।

कुशनर के वकील ने इन आरोपों का बचाव करते हुए कहा है कि उन्होंने कभी भी फीनिक्स के निवेश निर्णयों को निर्देशित नहीं किया और सैन्य-से जुड़े शेयरों में उनकी कोई भूमिका नहीं थी। वहीं, व्हाइट हाउस की प्रवक्ता अन्ना केली ने स्पष्ट किया है कि कुशनर की व्यावसायिक गतिविधियां उनकी स्वयंसेवक राजनयिक गतिविधियों से पूरी तरह अलग हैं।

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