जॉर्डन के करक में ग्रीक ऑर्थोडॉक्स चर्च में हुए आतंकी हमले में सात लोगों की मौत और कई लोग घायल
जॉर्डन के करक में ग्रीक ऑर्थोडॉक्स चर्च में हुए आतंकी हमले में 7 लोग मारे गए और कई घायल हुए। हमलावरों ने फायरिंग के बाद चर्च में घुसकर हमला किया।

अम्मान (जॉर्डन): जॉर्डन के करक प्रांत के हमूद गांव में एक ग्रीक ऑर्थोडॉक्स चर्च में हुए आतंकी हमले में कम से कम सात लोगों की जान चली गई है। शुक्रवार को एक अंतिम संस्कार के दौरान अज्ञात बंदूकधारियों ने चर्च में अंधाधुंध फायरिंग की, जिसमें 28 से 34 लोग घायल हुए हैं। यह गांव राजधानी अम्मान से करीब 180 किलोमीटर दक्षिण में स्थित है।
इस हमले में मारे गए ज्यादातर लोगों की उम्र 50 से 70 साल के बीच थी। ताजा रिपोर्ट के मुताबिक, घायल हुए लोगों में से 27 अभी भी अस्पताल में इलाज करा रहे हैं। चश्मदीदों और सरकारी टेलीविजन के फुटेज से पता चला है कि दो से तीन हमलावर कार से आए थे।
हमलावरों ने पहले सड़क से पिस्तौल और कम से कम एक सेमी-ऑटोमैटिक राइफल से चर्च पर फायरिंग की। इसके बाद वे इमारत के अंदर घुसे और फिर वहां से फरार हो गए। जॉर्डन के आंतरिक मंत्री माज़ेन अल-फराया ने इस गोलीबारी को चरमपंथियों द्वारा किया गया एक अभूतपूर्व आतंकी कृत्य बताया है।
किंग अब्दुल्ला द्वितीय ने इस हमले की कड़ी निंदा की है। उन्होंने कहा कि अपराधियों का सामना सबसे कठोर दंड से किया जाएगा और देश की सुरक्षा को खतरे में डालने वालों से लोहे की मुट्ठी से निपटा जाएगा।
सरकारी प्रवक्ता मोहम्मद अल-मोमानी ने पुष्टि की कि पब्लिक सिक्योरिटी के डायरेक्टर मेजर जनरल ओबेदल्लाह मायता के नेतृत्व में सुरक्षा बल संदिग्धों को पकड़ने के लिए बड़ी जांच कर रहे हैं। जॉर्डन के अटॉर्नी जनरल हसन अल अब्दुलात ने जांच की गोपनीयता बनाए रखने के लिए इस मामले के विवरण के प्रकाशन पर औपचारिक प्रतिबंध लगा दिया है।
अभी तक किसी भी समूह ने इस हिंसा की जिम्मेदारी नहीं ली है। हालांकि, संयुक्त अरब अमीरात ने एक औपचारिक बयान जारी कर इस आतंकी घटना की निंदा की है। अल-अजहर के ग्रैंड इमाम अहमद अल-तयब, लेबनान के राष्ट्रपति जोसेफ औन और इराकी विदेश मंत्री फुआद हुसैन ने भी इस त्रासदी के बाद जॉर्डन के प्रति अपनी एकजुटता जताई है।