हूती हमले: जॉर्डन ने सऊदी के दो एयरपोर्ट पर हमलों की निंदा की

रियाद: जॉर्डन के विदेश और प्रवासी मामलों के मंत्रालय ने सोमवार, 12 अक्टूबर 2026 को एक आधिकारिक बयान जारी करके सऊदी अरब पर लगातार हो रहे हूती मिलिशिया के हमलों की कड़ी निंदा की। मंत्रालय ने रविवार, 11 अक्टूबर को रियाद के किंग खालिद इंटरनेशनल एयरपोर्ट और दम्माम के किंग फहद इंटरनेशनल एयरपोर्ट को निशाना बनाए जाने वाले हमलों को खास तौर पर इस बयान में शामिल किया।
जॉर्डन ने इन कार्रवाइयों को अंतरराष्ट्रीय कानून का खुला उल्लंघन बताया। उसके मुताबिक ये हमले सऊदी अरब की संप्रभुता, सुरक्षा और स्थिरता पर सीधा हमला हैं, और इनसे देश के नागरिकों और वहां रहने वाले विदेशियों की जान भी खतरे में पड़ती है। मंत्रालय ने दोहराया कि जॉर्डन पूरी तरह सऊदी अरब के साथ खड़ा है और अपने संसाधनों व आबादी की सुरक्षा के लिए रियाद द्वारा उठाए गए हर कदम का समर्थन करता है। मृतकों के परिवारों के प्रति संवेदना जताते हुए घायलों के जल्द स्वस्थ होने की कामना भी की गई।
रविवार के हमलों में क्या हुआ
रविवार को किंग खालिद इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर हुए हमले में एक पाकिस्तानी नागरिक की मौत हो गई, जबकि 11 अन्य लोग घायल हुए। वहीं दम्माम के किंग फहद एयरपोर्ट पर जांच अभी जारी है। इससे पहले 10 अक्टूबर 2026 को किंग खालिद एयरपोर्ट पर हुए एक भीषण हमले में 13 लोगों की जान चली गई थी और 300 से ज्यादा लोग घायल हुए थे। इनमें सऊदी, बांग्लादेशी, अमेरिकी, मिस्री, जॉर्डन, सीरियाई, फिलिस्तीनी और सूडानी नागरिक शामिल थे।
हूती मिलिशिया ने इन हमलों की जिम्मेदारी ली है। उसने चेतावनी दी है कि मक्का और मदीना के एयरपोर्ट को छोड़कर सऊदी अरब के बाकी एयरपोर्ट और हवाई क्षेत्र भविष्य में भी निशाने पर रह सकते हैं। एक हफ्ते के भीतर इन घटनाओं में कम से कम 20 लोगों की जान जा चुकी है।
हालात को देखते हुए कई देशों के दूतावासों ने अपने नागरिकों के लिए सुरक्षा चेतावनी जारी की है। रियाद के कई स्कूलों ने भी बढ़ते क्षेत्रीय तनाव के बीच ऑनलाइन पढ़ाई शुरू कर दी है। इलाके में हालात पर सबकी नजर बनी हुई है।