Dubai: यूएई के शासक ने बचाई 16 महीने की बच्ची की जान, 24 लाख डॉलर का खर्च उठाया.

Nura Basta1 September 20262 min read60 viewsUAE
Dubai: यूएई के शासक ने बचाई 16 महीने की बच्ची की जान, 24 लाख डॉलर का खर्च उठाया.

जॉर्डन से ताल्लुक रखने वाली 16 महीने की एक मासूम बच्ची Katya Abu Al-Saud को स्पाइनल मस्कुलर एट्रोफी यानी SMA नाम की एक दुर्लभ और खतरनाक बीमारी थी। इस गंभीर बीमारी के इलाज के लिए यह बच्ची शनिवार, 29 अगस्त 2026 को यूएई की राजधानी दुबई पहुंच चुकी है, जहां उसे नई जिंदगी मिलने की पूरी उम्मीद बंध गई है। बच्ची के साथ उनके माता-पिता Nour Roudnahal और Omar Abu Al Saud भी जॉर्डन से दुबई आए हैं, ताकि उनकी बेटी का समय पर सही इलाज शुरू हो सके। इस बच्ची का इलाज दुबई के मशहूर Al Jalila Children's Hospital में 30 अगस्त 2026 से शुरू हो चुका है, जहाँ डॉक्टरों की टीम उसकी देखरेख में जुटी हुई है।

महंगी जीन थेरेपी का पूरा खर्च उठाया यूएई सरकार ने

इस मासूम बच्ची की बीमारी के इलाज में लगने वाली दवा और मेडिकल प्रक्रिया का कुल खर्च लगभग 2.4 मिलियन डॉलर यानी करीब 8.8 मिलियन दिरहम आ रहा है, जो एक आम परिवार के लिए जुटा पाना नामुमकिन था। इस पूरी चिकित्सा प्रक्रिया में Zolgensma gene therapy दी जा रही है, जो इस बीमारी के खात्मे के लिए बेहद जरूरी है। डॉक्टरों का ऐसा कहना है कि इस थेरेपी को बच्चे की उम्र दो साल होने से पहले देना सबसे ज्यादा जरूरी होता है, ताकि बीमारी को आगे बढ़ने से रोका जा सके। इस बच्ची के इलाज का पूरा वित्तीय बोझ यूएई के उपराष्ट्रपति, प्रधानमंत्री और दुबई के शासक His Highness Sheikh Mohammed bin Rashid Al Maktoum ने उठाया है, जिन्होंने मानवीय दृष्टिकोण दिखाते हुए सारा खर्च खुद वहन करने का बड़ा फैसला किया है।

माँ की गुहार पर आया दुबई के शासक का बड़ा फैसला

जब जॉर्डन के स्थानीय डॉक्टरों ने बच्ची के माता-पिता को बता दिया था कि इस बीमारी का इलाज जॉर्डन के अस्पतालों में संभव नहीं है और देश के भीतर जरूरी थेरेपी उपलब्ध नहीं है, तब बच्ची की माँ Nour Roudnahal ने जनता के सामने एक सार्वजनिक अपील की थी। उनकी यह अपील और बेटी की लाचारी देखकर दुबई प्रशासन का दिल पसीज गया। इसके बाद Dubai Media Office ने आधिकारिक तौर पर 20 अगस्त 2026 को यह ऐलान किया कि शेख मोहम्मद बिन राशिद अल मकतूम इस बच्ची के इलाज का पूरा खर्च उठाने के लिए तैयार हैं। आपको बता दें कि SMA एक ऐसी दुर्लभ आनुवंशिक बीमारी है, जिसकी वजह से बच्चों की मांसपेशियां लगातार कमजोर होने लगती हैं और उनका शरीर काम करना बंद कर देता है। इस सरकारी मदद से अब इस परिवार को एक नई उम्मीद मिल गई है और वे अपनी बेटी के पूरी तरह से ठीक होने का इंतजार कर रहे हैं।

GulfHindi की हर खबर सबसे पहलेJoin
Share:

Comments

Leave a comment