कुवैत में प्रवासियों के लिए बैंकों ने बदले कर्ज के नियम, अब लोन मिलना होगा मुश्किल

कुवैत में रहने वाले लाखों प्रवासियों के लिए एक अहम खबर सामने आई है। कुवैत के निजी बैंकों ने सितंबर 2026 के मध्य से प्रवासी कर्मचारियों के लिए व्यक्तिगत और उपभोक्ता ऋण देने के नियमों को काफी सख्त कर दिया है। यह कदम देश में बढ़ती नौकरी की अनिश्चितता और 'कुवैतीकरण' (स्थानीय लोगों को प्राथमिकता देने) के प्रयासों के कारण उठाया गया है। अब बैंक कर्ज देने से पहले कई बातों पर गौर करेंगे, जिससे प्रवासियों के लिए लोन लेना पहले से कहीं अधिक चुनौतीपूर्ण हो सकता है।
नए नियम क्या हैं?
कुवैत का केंद्रीय बैंक (CBK) अभी भी मासिक ऋण किस्तों पर शुद्ध वेतन के 40% की मौजूदा सीमा बनाए हुए है। हालांकि, अलग-अलग बैंकों ने अपने आंतरिक जोखिम मूल्यांकन मॉडल को मजबूत किया है। इसका मुख्य कारण कुवैत में 'कुवैतीकरण' की कोशिशें, वर्कफोर्स में कमी और पूरे क्षेत्र की मौजूदा आर्थिक स्थिति है। इन बदलावों का सीधा असर हजारों प्रवासी कर्मचारियों पर पड़ेगा जो व्यक्तिगत या उपभोक्ता ऋण लेने का सोच रहे हैं।
नए नियमों के तहत, बैंकों ने कुछ खास पेशों को 'ग्रे लिस्ट' में डाल दिया है। इन पेशों में शामिल निजी क्षेत्र की नौकरियों जैसे क्लर्क, रिटेल (खुदरा) और सामान्य प्रशासनिक पद के लिए बैंकों ने कर्ज देना कम कर दिया है या पूरी तरह से बंद कर दिया है। इन नौकरियों को 'कुवैतीकरण' के तहत स्थानीय लोगों द्वारा लिए जाने का अधिक जोखिम माना जा रहा है।
कई बैंकों ने अब न्यूनतम वेतन की आवश्यकताओं को भी बढ़ा दिया है। पहले न्यूनतम वेतन की सीमा 250-300 कुवैती दीनार (KD) थी, जिसे अब बढ़ाकर 500 KD या उससे अधिक कर दिया गया है। कुछ बैंक तो अपनी जोखिम लेने की क्षमता के आधार पर 600 KD तक के न्यूनतम वेतन की मांग कर रहे हैं। इसका मतलब है कि कम वेतन पाने वाले प्रवासियों के लिए अब कर्ज मिलना और भी मुश्किल हो जाएगा।
कर्ज की ऊपरी सीमा (Loan ceiling) को भी अब आवेदक की 'एंड-ऑफ-सर्विस इंडेम्निटी' (EOSI) यानी सेवा समाप्ति पर मिलने वाले मुआवजे से जोड़ा जा रहा है। बैंक अक्सर अनुमानित EOSI लाभों में 20% की कटौती करते हैं, जब वे उधार लेने की अधिकतम सीमा की गणना करते हैं। इससे प्रवासियों को उनकी सेवा के अंत में मिलने वाली राशि के आधार पर ही कर्ज मिल पाएगा।
इसके अलावा, बैंक अब नौकरी की अवधि (Tenure) और नियोक्ता की स्थिरता पर भी अधिक जोर दे रहे हैं। जिन आवेदकों के पास निजी क्षेत्र में पांच साल से कम की नौकरी है, उन्हें कुवैती गारंटर देने की आवश्यकता हो सकती है। इसी तरह, सरकारी क्षेत्र में 60 वर्ष से अधिक उम्र के कर्मचारियों को भी अतिरिक्त गारंटी की आवश्यकता का सामना करना पड़ सकता है। कुवैत स्टॉक एक्सचेंज (KSE) में सूचीबद्ध कंपनियों के कर्मचारियों और 'वेतन संरक्षण प्रणाली' (WPS) के माध्यम से सत्यापित वेतन इतिहास वाले लोगों को प्राथमिकता दी जा रही है।
किसे अभी भी मिलेगा कर्ज?
इन कड़े उपायों के बावजूद, कुछ खास पेशों के लिए अभी भी कर्ज उपलब्ध है। इनमें स्वास्थ्य सेवा पेशेवर, इंजीनियर, तेल क्षेत्र के तकनीशियन, IT/AI विशेषज्ञ और शिक्षक शामिल हैं। इन भूमिकाओं को वर्तमान में मध्यम अवधि में 'कुवैतीकरण' का कम जोखिम वाला माना जाता है।
वित्तीय सूत्रों के अनुसार, उपभोक्ता और आवास वित्तपोषण की संयुक्त अधिकतम सीमा 95,000 KD निर्धारित की गई है। इस 95,000 KD की सुविधा के लिए योग्य होने के लिए, आमतौर पर एक आवेदक को 2,750 KD के शुद्ध वेतन की आवश्यकता होती है, ताकि वह 40% की किस्त सीमा को पूरा कर सके। वहीं, 25,000 KD के ऋण के लिए आमतौर पर 1,225 KD के वेतन की आवश्यकता होती है, ताकि वह 490 KD की किस्त का भुगतान कर सके।
प्रवासियों के लिए खास सलाह
वित्तीय विशेषज्ञों की सलाह है कि प्रवासियों को आवेदन करने से पहले अपने मानव संसाधन (HR) विभाग से अपनी EOSI का अनुमान प्राप्त कर लेना चाहिए। साथ ही, उन्हें अपनी नौकरी की स्थिति को आंतरिक बैंक सूचियों के खिलाफ सत्यापित करना चाहिए, ताकि वे यह जान सकें कि उनका पेशा 'ग्रे लिस्ट' में तो नहीं है।
आवेदकों को यह भी चेतावनी दी गई है कि नौकरी में बदलाव, चल रही नोटिस अवधि, या कुल प्रेषण (Remittances) और ईएमआई (EMI) को शुद्ध आय के 40% के भीतर रखने में विफलता के कारण वर्तमान में आवेदन अस्वीकृति दरें काफी अधिक हैं। इसलिए, प्रवासियों को आवेदन करते समय इन बातों का विशेष ध्यान रखना चाहिए।
यह जानकारी 14 और 15 सितंबर 2026 के बीच टाइम्स कुवैत (Times Kuwait), अरब टाइम्स (Arab Times) और न्यूज़ कुवैत (News Kuwait) की रिपोर्टों से मिली है।