कुवैत में आंतरिक मंत्री की हत्या की साजिश रचने वाले तीन दोषियों को अदालत ने सुनाई मौत की सजा
कुवैत की अदालत ने आंतरिक मंत्री शेख फहद अल-यूसुफ की हत्या की साजिश रचने वाले तीन लोगों को मौत की सजा सुनाई है।

कुवैत: राज्य सुरक्षा और आतंकवाद अपराध अदालत ने सोमवार को एक बड़े फैसले में आंतरिक मंत्री और प्रथम उप प्रधानमंत्री शेख फहद अल-यूसुफ की हत्या की साजिश रचने के आरोप में तीन लोगों को मौत की सजा सुनाई है। अदालत ने हुसैन अब्दुल्ला अल-मतोक, हसन अब्दुलहदी हाजीह और अब्दुलरेजा हैदर देहकानी को दोषी पाते हुए यह फैसला सुनाया।
इस मामले में शामिल आठ अन्य आरोपियों को अदालत ने पांच-पांच साल की जेल की सजा दी है। मामले की सुनवाई काउंसलर नासिर अल-बद्र की अध्यक्षता में हुई, जिसमें काउंसलर उमर अल-मुलैफी, अब्दुल्ला अल-फलेह और सालेम अल-जायद सदस्य के रूप में शामिल थे।
अभियोजकों ने अदालत में दलील दी कि आरोपियों ने उच्च पदस्थ सरकारी अधिकारियों की हत्या और देश के खिलाफ साजिश रचने के लिए विदेशी संस्थाओं से संपर्क किया था। इसमें ईरान और लेबनानी हिजबुल्लाह संगठन के साथ संपर्क साधा गया था।
आरोपियों पर एक प्रतिबंधित संगठन में शामिल होने और राष्ट्रीय हितों को नुकसान पहुंचाने के आरोप लगे हैं। इनमें से एक आरोपी पर हमले को अंजाम देने के लिए देश में विस्फोटक तस्करी करने की कोशिश का भी आरोप था।
अदालत ने अपने फैसले में कहा कि दोषियों का मकसद राष्ट्रीय सुरक्षा को कमजोर करना और राज्य अधिकारियों के प्रति जनता के विश्वास को खत्म करना था। न्यायाधीशों ने जोर दिया कि कुवैत की संप्रभुता और सार्वजनिक सुरक्षा की रक्षा करना समाज का मौलिक अधिकार है।
मार्च 2026 के आतंकवाद विरोधी कानून के तहत दिए गए इन फैसलों की अब अपीलीय अदालत में समीक्षा की जाएगी। इसके बाद मामला सुप्रीम कोर्ट जाएगा और अंतिम मंजूरी अमीर द्वारा दी जाएगी।