कुवैत में अब एयरलाइन टिकट पर एयरपोर्ट फीस का पूरा विवरण देना होगा जरूरी ताकि यात्रियों को सही जानकारी मिल सके
कुवैत DGCA ने सभी एयरलाइंस और ट्रैवल एजेंसियों के लिए टिकट पर एयरपोर्ट फीस का स्पष्ट विवरण देना अनिवार्य कर दिया है।

कुवैत: कुवैत के नागरिक उड्डयन महानिदेशालय (DGCA) ने सभी एयरलाइंस और ट्रैवल व टूरिज्म एजेंसियों के लिए एक नया नियम लागू किया है। अब सभी यात्रा टिकटों पर कुवैत इंटरनेशनल एयरपोर्ट की फीस कोड और उनकी सटीक रकम को साफ तौर पर दिखाना अनिवार्य होगा।
19 अक्टूबर 2026 को जारी सर्कुलर नंबर 58/2026 के मुताबिक, इस कदम का मकसद ग्राहकों के लिए पारदर्शिता बढ़ाना है। इससे यह सुनिश्चित होगा कि यात्रियों को अपनी यात्रा से जुड़े सभी खर्चों की पूरी जानकारी रहे।
DGCA के आधिकारिक प्रवक्ता अब्दुल्ला अल-राजही ने बताया कि इस पहल का उद्देश्य फीस के खुलासे को मानकीकृत करना और टिकटों पर अलग-अलग शुल्कों का विवरण देना है। उन्होंने कहा कि यह उपाय यात्रियों के अधिकारों की रक्षा करता है और यात्रियों, एयरलाइंस और ट्रैवल एजेंसियों के बीच पारदर्शिता सुनिश्चित करता है।
अथॉरिटी ने स्पष्ट किया है कि रिपोर्टिंग का एक मानक फॉर्मेट तय किया गया है, जबकि फीस में पुराने और नए दोनों तरह के शुल्क शामिल हैं। टिकट पर दिखाए जाने वाले प्रमुख शुल्कों में 1 कुवैती दीनार का बैगेज स्केल शुल्क (GZ), 3 दीनार का पैसेंजर डिपार्चर शुल्क (N4), 2 दीनार का पैसेंजर अराइवल शुल्क (W6), 1 दीनार का ट्रांजिट शुल्क (L2) और 2 दीनार का एयरपोर्ट डिपार्चर टैक्स (KW) शामिल है।
इसके अलावा, पैसेंजर रजिस्ट्रेशन सिस्टम शुल्क (Y1) और बॉर्डर सिक्योरिटी एडवांस इंक्वायरी सिस्टम शुल्क (Y3) का विवरण देना भी जरूरी होगा, जिनमें फिल्स आधारित शुल्क लागू हैं। DGCA ने जोर दिया कि इस पारदर्शिता से एजेंसियां गलत जानकारी देकर यात्रियों से ज्यादा पैसे नहीं वसूल पाएंगी।
DGCA के पास कुवैत इंटरनेशनल एयरपोर्ट पर सर्विस फीस में बदलाव करने या नए शुल्क जोड़ने का अधिकार है। इस सर्कुलर का उल्लंघन करने वालों को शिकायत और मध्यस्थता समिति के पास भेजा जाएगा। इसके खिलाफ कानून नंबर 31 (1987) के अनुच्छेद 21 के तहत कार्रवाई की जाएगी, जो कुवैत के हवाई परिवहन बाजार के नियमन से संबंधित है।