कुवैत में Sahel ऐप पर लॉन्च हुआ नया Ballegh फीचर

कुवैत सरकार ने देश के नागरिकों और प्रवासियों के लिए सरकारी सेवाओं को और अधिक सुलभ और पारदर्शी बनाने की दिशा में एक नया कदम उठाया है। अब सरकारी विभागों से जुड़ी शिकायतों और सुझावों को दर्ज कराने के लिए लोगों को दफ्तरों के चक्कर नहीं काटने होंगे। इसके लिए कुवैत ने अपने आधिकारिक सरकारी एप्लिकेशन 'Sahel' में 'Ballegh' (यानी रिपोर्ट) नाम से एक नया और उपयोगी फीचर जोड़ा है।
शिकायत दर्ज कराना हुआ अब बेहद आसान
यह नई डिजिटल सुविधा लोगों को विभिन्न सरकारी संस्थानों तक अपनी बात सीधे पहुंचाने का एक आसान जरिया देती है। इस फीचर के जरिए उपयोगकर्ता बुनियादी ढांचे, स्वास्थ्य सेवाओं, खाद्य सुरक्षा और बाजार से जुड़ी गड़बड़ियों की शिकायत ऑनलाइन दर्ज करा सकते हैं। इसके इस्तेमाल का तरीका भी बेहद सरल है:
- अपने सिविल आईडी या कुवैत मोबाइल आईडी का उपयोग करके Sahel ऐप में लॉगिन करें।
- इसके बाद 'Ballegh' विकल्प का चयन करें।
- संबंधित सरकारी विभाग या प्राधिकरण को चुनें जिससे आपकी शिकायत जुड़ी है।
- अपनी शिकायत का विवरण भरें और जरूरत पड़ने पर तस्वीरें (Photos) भी अपलोड करें।
- सबमिट करने के बाद आपको एक रेफरेंस नंबर मिलेगा, जिससे आप अपनी शिकायत की स्थिति (Status) को ट्रैक कर सकते हैं।
किन विभागों को किया गया है शामिल?
इस पहले चरण में आठ प्रमुख सरकारी संस्थानों को इस डिजिटल प्लेटफॉर्म के दायरे में लाया गया है:
- लोक निर्माण मंत्रालय: सड़कें, जल निकासी और निर्माण कार्य।
- स्वास्थ्य मंत्रालय: अस्पताल और स्वास्थ्य सेवा से जुड़ी बातें।
- वाणिज्य और उद्योग मंत्रालय: बाजार, दुकानें और उपभोक्ता शिकायतें।
- संचार और सूचना प्रौद्योगिकी नियामक प्राधिकरण (CITRA): तकनीक और संचार सेवाएं।
- लोक खाद्य और पोषण प्राधिकरण: खाद्य सुरक्षा से जुड़े मामले।
- भ्रष्टाचार विरोधी प्राधिकरण (Nazaha)।
- पूंजी बाजार प्राधिकरण।
- कुवैत नगरपालिका: साफ-सफाई, अनुमति, कचरा प्रबंधन और पार्किंग।
इन बातों का रखें खास ख्याल
ध्यान देने वाली बात यह है कि इस सूची में फिलहाल गृह मंत्रालय और जनशक्ति प्राधिकरण शामिल नहीं हैं। इसका मतलब यह है कि इक़ामा (Residence) या वर्क परमिट से जुड़े मामलों के लिए इस पोर्टल का उपयोग नहीं किया जा सकता है। इसके अलावा, अधिकारियों ने चेतावनी दी है कि उपयोगकर्ता केवल तथ्यात्मक जानकारी ही साझा करें। गलत या झूठी शिकायतें दर्ज कराने पर कानूनी परिणाम भुगतने पड़ सकते हैं।