मक्का की ग्रैंड मस्जिद में आत्मघाती हमले की खबर झूठी, सऊदी प्रशासन का बड़ा बयान

सोशल मीडिया पर इन दिनों कई तरह की खबरें तेजी से वायरल होती हैं, जिनमें से कई बार अफवाहें भी सच जैसी डरावनी लगने लगती हैं। हाल ही में मक्का की पवित्र ग्रैंड मस्जिद (Grand Mosque) को लेकर एक ऐसी ही सनसनीखेज खबर ने तूल पकड़ा, जिसमें दावा किया गया कि वहां एक आत्मघाती हमलावर को पकड़ लिया गया है। लेकिन अब सऊदी अरब के सुरक्षा प्रशासन ने इन सभी दावों की हवा निकाल दी है और इन्हें पूरी तरह बेबुनियाद करार दिया है।
क्या थी वायरल खबर की सच्चाई?
सोशल मीडिया पर यह दावा किया गया था कि सुरक्षा बलों ने काबा के पास एक ऐसे व्यक्ति को दबोचा है जो विस्फोटक सामग्री लेकर घूम रहा था और किसी बड़ी वारदात को अंजाम देने की फिराक में था। इन अफवाहों के फैलते ही दुनिया भर के मुसलमानों में चिंता की लहर दौड़ गई थी। हालांकि, सऊदी पब्लिक सिक्योरिटी ने इस मामले पर आधिकारिक बयान जारी कर स्थिति को पूरी तरह साफ कर दिया है।
सऊदी प्रशासन ने क्या कहा?
अधिकारियों के अनुसार, सोशल मीडिया पर चल रही सुसाइड बॉम्बिंग की ये खबरें पूरी तरह गलत और मनगढ़ंत हैं। वास्तविकता यह थी कि एक व्यक्ति वहां से गुजर रहे लोगों को परेशान कर रहा था और अपनी हरकतों से तीर्थयात्रियों व访 आगंतुकों के मन में डर और अफरा-तफरी पैदा कर रहा था। सुरक्षा कर्मियों ने बिना किसी देरी के त्वरित कार्रवाई की और उस व्यक्ति को तुरंत काबू में ले लिया।
- सुरक्षा बलों ने स्थिति को तुरंत संभाला और कोई भी अप्रिय घटना नहीं होने दी।
- दोषी व्यक्ति के खिलाफ आवश्यक कानूनी कार्रवाई शुरू कर दी गई है।
- इस पूरे मामले को आगे की न्यायिक प्रक्रिया के लिए पब्लिक प्रॉसिक्यूशन को सौंप दिया गया है।
आधिकारिक स्रोतों पर ही करें भरोसा
सऊदी अधिकारियों ने साफ शब्दों में कहा है कि विस्फोटक सामग्री या आत्मघाती हमले के प्रयास जैसी बातों में कोई सच्चाई नहीं है। प्रशासन ने आम जनता और सोशल मीडिया यूजर्स से अपील की है कि वे किसी भी तरह की अफवाहों पर ध्यान न दें और केवल आधिकारिक चैनलों या स्रोतों से मिलने वाली जानकारियों पर ही भरोसा करें। इस तरह की झूठी खबरों का उद्देश्य केवल सनसनी फैलाना और लोगों में डर पैदा करना होता है।