MEA Secretary Sripriya Ranganathan Engages Indian-American Diaspora Leaders in New York

विदेश मंत्रालय (MEA) की कंज्यूमर, पासपोर्ट, वीजा और प्रवासी भारतीय मामलों की सचिव श्रीप्रिया रंगनाथन ने हाल ही में न्यूयार्क में भारतीय-अमेरिकी प्रवासी नेताओं से मुलाकात की। यह बैठक आगामी Pravasi Bharatiya Divas 2027 सम्मेलन की तैयारियों और प्रवासी समुदाय की महत्वपूर्ण चिंताओं पर चर्चा करने के लिए आयोजित की गई थी। इस उच्च स्तरीय संवाद ने अमेरिका में रह रहे भारतीयों की आवाज़ को भारत सरकार तक पहुँचाने का एक सशक्त माध्यम प्रदान किया है।
प्रवासी समुदाय के मुद्दों पर विस्तृत चर्चा
न्यूयार्क में आयोजित इस विशेष आउटरीच बैठक में कई जाने-माने प्रवासी प्रतिनिधियों ने हिस्सा लिया, जिनमें जयपुर फुट यूएसए के चेयरमैन प्रेम भंडारी, एफआईए (FIA) के चेयरमैन अंकुर वैद्य, ब्रुहुड न्यू यॉर्क सीनियर्स के अध्यक्ष अजय पटेल और एफआईए के ट्रस्टी आलोक कुमार शामिल थे। इसके अलावा, न्यूयार्क में भारत के महावाणिज्य दूत राजदूत बिनाया श्रीकांत प्रधान भी इस सत्र में उपस्थित रहे।
बैठक के दौरान मुख्य रूप से निम्नलिखित मुद्दों पर गहन विचार-विमर्श किया गया:
- अनिवासी भारतीयों (NRI) की संपत्ति से जुड़े विवादों का समाधान और नए न्यायिक दिशा-निर्देश।
- कंसुलर सहायता और पासपोर्ट सेवाओं में सुधार।
- एनआरआई द्वारा संपत्ति की बिक्री पर टीडीएस (TDS) अनुपालन नियमों का सरलीकरण।
- वैश्विक पासपोर्ट सेवा कार्यक्रम (GPSP V2.0) की समीक्षा।
वीजा नीतियों और वैश्विक संबंधों पर बात
चर्चा के दौरान अमेरिकी वीजा नीतियों में हो रहे बदलावों पर भी बात की गई। अधिकारियों ने अमेरिका द्वारा गैर-आप्रवासी वीजा श्रेणियों के लिए सोशल मीडिया स्क्रीनिंग आवश्यकताओं के विस्तार पर चर्चा की। विदेश मंत्रालय ने इस बात पर जोर दिया कि वीजा मूल्यांकन हमेशा योग्यता के आधार पर होना चाहिए, साथ ही विदेशी आव्रजन नीतियों की संप्रभु प्रकृति का भी सम्मान किया जाना चाहिए।
Pravasi Bharatiya Divas 2027 की तैयारियाँ
यह बैठक जनवरी 2027 में होने वाले आगामी प्रवासी भारतीय दिवस सम्मेलन की तैयारियों का एक अहम हिस्सा थी। इसके साथ ही, प्रवासी भारतीय सम्मान पुरस्कार (PBSA) के लिए नामांकन प्रक्रिया पर भी प्रकाश डाला गया, जो भारतीय डायस्पोरा के लिए सबसे बड़ा सर्वोच्च सम्मान है।
सचिव श्रीप्रिया रंगनाथन का यह दौरा अमेरिका के कई शहरों—जैसे टेक्सास, सैन फ्रांसिस्को और सिएटल—तक फैला हुआ है, जो वैश्विक भारतीय समुदाय के साथ भारत सरकार के गहरे और मजबूत होते रिश्तों को दर्शाता है।