नेपाल: गोरखा में अचानक बाढ़, 35 से ज्यादा घर बहे, बचाव अभियान जारी

Gautam Sahu11 October 20262 min read0 viewsWorld
नेपाल: गोरखा में अचानक बाढ़, 35 से ज्यादा घर बहे, बचाव अभियान जारी

गोरखा जिला (नेपाल): रविवार 11 अक्टूबर 2026 की सुबह नेपाल के गोरखा जिले में बाढ़ और भूस्खलन ने भारी तबाही मचा दी। सुबह करीब 4 बजे से 4:35 बजे के बीच बुढ़ी गंडकी नदी में अचानक पानी का तेज बहाव आया, जिसने कई गांवों को अपनी चपेट में ले लिया। इस नौबत में नेपाल की सेना, नेपाल पुलिस और सशस्त्र पुलिस बल राहत और खोज कार्य में जुटे हैं।

स्थानीय प्रशासन के मुताबिक, यह आपदा चुमनुब्री ग्रामीण नगरपालिका के सिउरीबास इलाके के ऊपर हुए भूस्खलन से शुरू हुई। भूस्खलन से चुमके खोला नाला बंद हो गया, और जमा पानी का दबाव बढ़ने पर वह अचानक टूट गया। चुमनुब्री के प्रमुख प्रशासनिक अधिकारी नारायण सापकोटा के अनुसार चेकमपार में भी इसी तरह का अवरोध बना और उसके टूटने से भी पानी का बहाव बढ़ा।

कितना नुकसान हुआ

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बाढ़ के पानी ने 35 से ज्यादा घरों को बहा दिया। साथ ही गोरखा को धादिंग जिले से जोड़ने वाले कई जरूरी संपर्क मार्ग भी टूट गए। इनमें झूला पुल, सड़क वाले पुल, कंक्रीट के पुल और राजमार्ग का पुल शामिल हैं। एक जलविद्युत परियोजना के कैंप और उसके ढांचे को भी काफी नुकसान पहुंचा है।

प्रभावित इलाकों में जगत, सल्लेरी, बागर, घट्टीखोला, दोभान, पैयू, चुमचेत, खोरलाबेसी, मछाखोला, सोती, अर्खेत, अरुघाट, मनबु, चुमलिंग, न्याकचेट और फिलिम बाजार जैसे कई गांव और कस्बे आते हैं। आधिकारिक रूप से अभी किसी की मौत की पुष्टि नहीं हुई है, लेकिन चार लोग, जिनमें कुछ चरवाहे भी शामिल हैं, लापता बताए जा रहे हैं।

प्रधानमंत्री बालेंद्र शाह ने सैन्य संसाधन भेजने की पुष्टि की है। गृह मंत्री सुदन गुरुंग ने हेलीकॉप्टरों के इस्तेमाल की घोषणा की है। अब तक हेलीकॉप्टरों से जगत इलाके से छह लोगों को सुरक्षित निकाला जा चुका है। हवाई और जमीनी दोनों तरह से खोज अभियान चल रहा है।

राष्ट्रीय आपदा जोखिम न्यूनीकरण और प्रबंधन प्राधिकरण (NDRRMA) ने सुबह 6:40 बजे एसएमएस अलर्ट जारी कर लोगों से ऊंची जगहों पर जाने और त्रिशूली दोभान तक नदी के किनारे से दूर रहने को कहा। बाद में चेतावनी का दायरा बढ़ा दिया गया और तनहूं, चितवन, पूर्वी नवलपरासी तथा पश्चिमी नवलपरासी जैसे निचले इलाकों के जिलों को भी इसमें शामिल किया गया।

गोरखा के मुख्य जिला अधिकारी धर्मेंद्र कुमार मिश्रा ने बताया कि कई इलाकों में लोगों को बड़े पैमाने पर निकालना पड़ा है। हालांकि इलाके में संचार व्यवस्था ठप होने से नुकसान का पूरा आकलन अभी नहीं हो पा रहा है। प्रशासन की कोशिश है कि लापता लोगों का पता जल्द चले और प्रभावित परिवारों तक राहत पहुंचाई जा सके।

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