नेपाल से शादी कर आईं महिलाओं को नागरिकता दिलाने में मदद करें: एसडीएम

बिहार के सुपौल जिले में प्रशासन ने एक मानवीय और कानूनी पहल की है। वीरपुर के एसडीएम विनय कुमार ने सीमावर्ती इलाकों के निवासियों से अपील की है कि वे उन नेपाली महिलाओं की मदद करें, जिन्होंने भारतीय युवकों से शादी कर भारत में अपना घर बसाया है। प्रशासन का लक्ष्य इन योग्य महिलाओं को भारतीय नागरिकता दिलाने की प्रक्रिया को सरल और प्रभावी बनाना है।
एसडीएम ने इस बात पर जोर दिया कि सीमावर्ती क्षेत्रों में यह काफी आम है कि भारतीय युवक नेपाल की महिलाओं से विवाह करते हैं। हालांकि, नागरिकता के दस्तावेजों के अभाव में कई महिलाएं सरकारी सुविधाओं और अपने संवैधानिक अधिकारों से वंचित रह जाती हैं। उन्होंने कहा कि यदि इन महिलाओं को समय पर नागरिकता मिल जाती है, तो उन्हें पहचान पत्र, सरकारी योजनाओं और अन्य कानूनी लाभ उठाने में काफी आसानी होगी।
आवेदन के लिए कहां करें संपर्क?
प्रशासन ने स्पष्ट किया है कि नागरिकता के लिए पात्र महिलाएं अपने जरूरी दस्तावेजों के साथ आवेदन कर सकती हैं। इसके लिए निम्नलिखित विकल्पों का उपयोग किया जा सकता है:
- अनुमंडल क्षेत्र के सभी प्रखंड विकास पदाधिकारी (BDO) कार्यालय।
- अनुमंडल कार्यालय (SDM Office)।
राघोपुर के प्रखंड विकास पदाधिकारी सत्येन्द्र कुमार ने जानकारी दी कि रविवार को छोड़कर सप्ताह के बाकी सभी दिनों में प्रखंड कार्यालय में आवेदन जमा किए जा सकते हैं। उन्होंने पात्र परिवारों से जल्द से जल्द आवेदन करने की अपील की है।
एसडीएम विनय कुमार ने जनप्रतिनिधियों और सामाजिक कार्यकर्ताओं से भी आग्रह किया है कि वे आगे आएं और ऐसे परिवारों को जागरूक करें, ताकि कोई भी योग्य महिला इस प्रक्रिया से छूट न जाए। प्रशासन ने भरोसा दिलाया है कि आवेदन की पूरी प्रक्रिया में उन्हें हरसंभव सहयोग दिया जाएगा।