टकर कार्लसन का दावा: ईरान पर परमाणु हमले के लिए ट्रंप को मना रहे नेतन्याहू

टकर कार्लसन का दावा है कि नेतन्याहू ईरान के परमाणु केंद्र पर हमले के लिए ट्रंप पर दबाव बना रहे हैं। ट्रंप ने परमाणु हथियारों के इस्तेमाल से इनकार किया।

Gautam Sahu2 November 20262 min read0 viewsWorld
टकर कार्लसन का दावा: ईरान पर परमाणु हमले के लिए ट्रंप को मना रहे नेतन्याहू

वॉशिंगटन: अमेरिकी राजनीतिक टिप्पणीकार टकर कार्लसन ने एक बड़ा दावा किया है कि इजरायली प्रधानमंत्री बेंजामिन नेतन्याहू, राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप पर ईरान के खिलाफ परमाणु हमले की अनुमति देने के लिए भारी दबाव डाल रहे हैं। कार्लसन के मुताबिक, इस सैन्य कार्रवाई का लक्ष्य मध्य ईरान में 'पिकैक्स माउंटेन' के नीचे स्थित एक भूमिगत परमाणु संवर्धन केंद्र है।

कार्लसन ने बताया कि यह केंद्र लगभग 300 फीट ठोस ग्रेनाइट के नीचे दबा हुआ है। उनका दावा है कि इस गहराई और मजबूती के कारण इसे पारंपरिक हथियारों से नष्ट करना संभव नहीं है। एक 'सूचित पर्यवेक्षक' का हवाला देते हुए कार्लसन ने कहा कि नेतन्याहू इस मामले को लेकर राष्ट्रपति ट्रंप के साथ रोजाना संपर्क में हैं और इस पर 7 नवंबर 2026 तक कोई फैसला आने की उम्मीद है।

हालांकि, अमेरिकी अधिकारियों या अंतरराष्ट्रीय परमाणु ऊर्जा एजेंसी (IAEA) जैसे अंतरराष्ट्रीय पर्यवेक्षकों ने इन दावों की पुष्टि नहीं की है। इस मुद्दे पर 16 अक्टूबर 2026 को राष्ट्रपति ट्रंप ने कहा कि अमेरिका के पास ऐसी साइटों को निशाना बनाने की क्षमता तो है, लेकिन उन्होंने परमाणु हथियारों के इस्तेमाल की संभावना को साफ तौर पर खारिज कर दिया और कहा कि इसकी कोई जरूरत नहीं है।

GulfHindi की हर खबर सबसे पहलेJoin

विदेश मंत्री मार्को रुबियो ने स्पष्ट किया है कि नए हमलों को लेकर अभी तक कोई फैसला नहीं लिया गया है, जबकि व्हाइट हाउस ने विशिष्ट सैन्य योजना पर टिप्पणी करने से इनकार कर दिया है। प्रशासन के भीतर से आ रही खबरों के अनुसार, जहां इजरायली प्रधानमंत्री हमले की वकालत कर रहे हैं, वहीं राष्ट्रपति ट्रंप इस पर हिचकिचा रहे हैं।

बताया जा रहा है कि राष्ट्रपति ट्रंप उपराष्ट्रपति जेडी वेंस और अमेरिकी विशेष दूत स्टीव विटकॉफ के नजरिए पर विचार कर रहे हैं, जिनमें से दोनों ने ईरान के साथ बातचीत के जरिए समाधान निकालने का समर्थन किया है। राष्ट्रीय सुरक्षा चर्चाओं में सीआईए निदेशक जॉन रैटक्लिफ, रक्षा सचिव पीट हेगसेथ और सेंटकॉम कमांडर ब्रैड कूपर जैसे प्रमुख अधिकारी भी शामिल हैं।

यह पूरा घटनाक्रम ऐसे समय में सामने आया है जब अमेरिका में 3 नवंबर 2026 को मध्यावधि चुनाव होने वाले हैं, जो वर्तमान प्रशासन के विदेश नीति एजेंडे के लिए एक महत्वपूर्ण समय है।

Share:

Comments

Leave a comment