Oman Gulf Crisis: ओमान की खाड़ी में तेल के जहाजों पर बड़ा खतरा, एक ही दिन में हुए 17 बड़े ट्रांसफर

Nura Basta5 September 20263 min read33 viewsOman
Oman Gulf Crisis: ओमान की खाड़ी में तेल के जहाजों पर बड़ा खतरा, एक ही दिन में हुए 17 बड़े ट्रांसफर

खाड़ी देशों में बढ़ते तनाव के बीच ओमान की खाड़ी से एक बड़ी और चौंकाने वाली खबर सामने आई है। मेरीटाइम इंटेलिजेंस फर्म TankerTrackers.com के मुताबिक, शुक्रवार, 4 सितंबर 2026 को ओमान की खाड़ी में कच्चे तेल और गैस के कम से कम 17 शिप-टू-शिप (STS) ट्रांसफर किए गए। इन सभी ऑपरेशन में लगभग 24 मिलियन बैरल तेल का लेन-देन हुआ है, जो खाड़ी देशों के उत्पादकों के लिए होर्मुज जलडमरूमध्य के खतरनाक हिस्सों से बचने का एक बड़ा जरिया बन गया है ताकि तेल की सप्लाई जारी रखी जा सके।

हार्मूज जलडमरूमध्य और अमेरिकी सेना की सुरक्षा

इस पूरी प्रक्रिया के दौरान अमेरिकी केंद्रीय कमान यानी CENTCOM की सुरक्षा के तहत लगभग 7.25 मिलियन बैरल कच्चा तेल और दो एलएनजी टैंकर होर्मुज जलडमरूमध्य को पार करने के लिए एकजुट होते हुए देखे गए। क्षेत्र में लगातार बढ़ रहे तनाव और सुरक्षा जोखिमों के कारण हालात काफी नाजुक बने हुए हैं। अमेरिकी प्रशासन ने पिछले दिनों एक नई रणनीति का ऐलान किया था, जिसके तहत ईरानी जहाजों पर कार्रवाई करने की बात कही गई थी। इसके बाद CENTCOM ने पुष्टि की थी कि ईरान में लगभग 100 सैन्य ठिकानों को निशाना बनाया गया था। अमेरिका के उपराष्ट्रपति JD Vance ने भी 4 सितंबर को साफ कर दिया था कि जब तक शिपिंग पर हमले बंद नहीं होते, तब तक ईरान के साथ किसी भी तरह की बातचीत नहीं की जाएगी। वहीं राष्ट्रपति Donald Trump ने दावा किया था कि अमेरिका इस जलडमरूमध्य को नियंत्रित कर रहा है और नौसैनिक बारूदी सुरंगों को लेकर सैन्य परिणाम भुगतने की चेतावनी भी दी थी। इसके अलावा अमेरिकी ट्रेजरी सचिव Scott Bessent ने इस बात की पुष्टि की थी कि यूरोपीय संघ भी अमेरिका के नेतृत्व वाले Operation Economic Outcast में शामिल हो गया है।

ईरान का कड़ा रुख और जहाजों पर पाबंदी

दूसरी तरफ ईरान ने दावा किया है कि उसके द्वारा किए गए हमलों की वजह से जलडमरूमध्य पर उसका नियंत्रण और अधिक मजबूत हुआ है। ईरानी अधिकारियों ने नियमों का उल्लंघन करने का आरोप लगाते हुए Adnoc के स्वामित्व वाले टैंकरों समेत कुल 45 जहाजों को ब्लैकलिस्ट कर दिया है। इस्लामिक रिवोल्यूशनरी गार्ड कॉर्स (IRGC) ने उन दावों को पूरी तरह खारिज कर दिया है जिनमें कहा गया था कि अमेरिका ने किसी भी टैंकर को सफलतापूर्वक एस्कॉर्ट किया है। साथ ही ईरान ने मिसाइल और ड्रोन के जरिए जवाबी कार्रवाई करने की धमकी भी दी है। ज्वॉइंट मैरीटाइम इंफॉर्मेशन सेंटर (JMIC) वाणिज्यिक जहाजों पर लगातार हो रहे ईरानी हमलों के कारण समुद्री सुरक्षा के जोखिमों को अभी भी 'गंभीर' श्रेणी में रख रहा है। हालांकि संयुक्त राष्ट्र समुद्री कानून संधि यानी UNCLOS के तहत होर्मुज जलडमरूमध्य को एक अंतरराष्ट्रीय जलमार्ग माना जाता है, लेकिन ईरान का यह तर्क है कि जहाजों को केवल 'निर्दोष मार्ग' का अधिकार प्राप्त है। इसी स्थिति को देखते हुए रिपब्लिक ऑफ द मार्शल आइलैंड्स ने इस क्षेत्र से गुजरने वाले जहाजों के लिए सुरक्षा एडवाइजरी जारी की है, जिससे खाड़ी क्षेत्र में सफर करने वाले लोगों और काम करने वाले प्रवासियों के बीच भी चिंता का माहौल बना हुआ है।

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