Oman: ओमान में अवैध कामगारों पर शिकंजा, छह महीने में मिले 17 हजार से ज्यादा लेबर उल्लंघन के मामले.

ओमान में अवैध रूप से काम करने वालों और नियमों को तोड़ने वालों के खिलाफ श्रम मंत्रालय ने सख्त रुख अपना लिया है। मंत्रालय ने यह साफ कर दिया है कि देश के लेबर मार्केट में गलत तरीके से नौकरियां देना और गैर-कानूनी काम करना पूरी तरह से बंद होना चाहिए। Muscat और North Sharqiyah समेत पूरे देश में श्रम अधिकारियों ने नियमों का उल्लंघन करने वालों पर कड़ी नजर रखी हुई है और इसके बुरे असर को लेकर चेतावनी भी जारी की है। अधिकारियों के मुताबिक इस तरह की गतिविधियों से बाजार में गलत कॉम्पिटिशन बढ़ता है और अनौपचारिक अर्थव्यवस्था को बढ़ावा मिलता है जो देश के लिए बिल्कुल भी सही नहीं है।
इस साल सामने आए 17 हजार से ज्यादा उल्लंघन के मामले
श्रम मंत्रालय की रिपोर्ट के अनुसार, इस साल जनवरी से जून के दौरान अधिकारियों ने कुल 17,577 ऐसे मामलों की पहचान की जो नॉन-ओमानी यानी विदेशी कामगारों से जुड़े लेबर नियमों के खिलाफ थे। हालांकि पिछले साल यानी 2025 के शुरुआती छह महीनों में ऐसे मामलों की संख्या 31,421 थी, जो इस बार कम जरूर हुई है लेकिन मंत्रालय का मानना है कि स्थिति अभी भी चिंता का विषय बनी हुई है। लेबर केयर के डायरेक्टर जनरल Hussein Ali Baqer Al Lawati ने जानकारी दी कि कई कंपनियां और लोग बिना वैध अनुमति के मजदूरों को काम पर रख रहे हैं। इसके अलावा बिना वेज प्रोटेक्शन सिस्टम यानी WPS में रजिस्ट्रेशन के काम करवाना, तय स्पॉन्सर के अलावा दूसरी जगह काम कराना और कंस्ट्रक्शन साइट्स पर सुरक्षा नियमों की अनदेखी करना आम बात हो गई है।
नियम तोड़ने पर होगी जेल और भारी जुर्माना
जो भी नियोक्ता यानी एम्प्लॉयर इन नियमों को तोड़ते हुए पकड़े जाएंगे, उन्हें कड़े दंड का सामना करना पड़ेगा। कानून के मुताबिक ऐसे लोगों को अधिकतम एक महीने की जेल और 2,000 Omani Rials तक का जुर्माना हो सकता है, या फिर दोनों सजा एक साथ मिल सकती हैं। अगर कोई कामगार अवैध रूप से देश में घुसा है या फिर अपने अधिकृत स्पॉन्सर को छोड़कर भागा हुआ है, तो ऐसी स्थिति में जुर्माना दोगुना तक हो सकता है। बार-बार गलती करने वालों पर प्रति मजदूर जुर्माना बढ़ाया जा सकता है और अगले दो साल तक किसी भी विदेशी कर्मचारी को नौकरी पर रखने का बैन भी लग सकता है। इसके अलावा ओमान से कर्मचारी को डिपोर्ट करने का सारा खर्च भी दोषी मालिक को ही उठाना पड़ेगा।
प्रवासी कामगारों और भारतीयों के लिए जरूरी सलाह
भारत, बांग्लादेश, पाकिस्तान, नेपाल और फिलीपींस जैसे देशों से ओमान आने वाले कामगारों के लिए इन नए नियमों को समझना बहुत जरूरी है। ओमान में फ्री वीजा का चलन, कागजी स्पॉन्सर और साइड जॉब्स अब कामगारों के लिए बहुत बड़ा जोखिम बन चुके हैं। अधिकारियों की सलाह है कि सभी कर्मचारी अपनी सैलरी का बैंक स्टेटमेंट सबूत के रूप में संभाल कर रखें ताकि यह साबित हो सके कि उन्हें WPS के तहत समय पर पूरा वेतन मिल रहा है। कामगारों को यह भी सुनिश्चित करना होगा कि वे केवल अपने तय स्पॉन्सर के लिए ही काम करें। अगर किसी को अपनी नौकरी बदलनी है या दूसरे स्पॉन्सर के पास ट्रांसफर होना है, तो इसके लिए मंत्रालय के आधिकारिक पोर्टल का ही इस्तेमाल करना अनिवार्य है। कामगार किसी भी शिकायत के लिए ओमान सरकार के हेल्पलाइन नंबर 80077000 पर संपर्क कर सकते हैं या फिर लेबर मिनिस्ट्री के आधिकारिक एक्स अकाउंट @Labour_OMAN के जरिए जानकारी ले सकते हैं।