ओमान-सऊदी अरब एकजुटता: नागरिक ढांचे पर हमलों की निंदा

मस्कट (ओमान): ओमान ने सऊदी अरब के साथ अपनी एकजुटता एक बार फिर दोहराई है। सल्तनत ने साफ शब्दों में कहा है कि नागरिक और आर्थिक ढांचे को निशाना बनाना क्षेत्रीय सुरक्षा और आम लोगों की जान-माल के लिए सीधा खतरा है। यह रुख 10 अक्टूबर 2026 को दोनों देशों के विदेश मंत्रियों के बीच हुई उच्च-स्तरीय बातचीत के बाद सामने आया।
इस बातचीत का मुख्य फोकस तनाव कम करने और इलाके में स्थिरता बनाए रखने के लिए लगातार समन्वय पर रहा। दोनों पक्षों ने माना कि हालात को और बिगड़ने से रोकना अभी सबसे जरूरी है।
यह ताजा बयान ओमान की उस लगातार कूटनीतिक प्रतिक्रिया की कड़ी है, जो हाल के हफ्तों में लगातार सामने आती रही है। 8 अक्टूबर 2026 को ओमान के विदेश मंत्रालय ने अबहा और किंग खालिद अंतरराष्ट्रीय हवाई अड्डों पर हुए हमलों की निंदा की थी। इन हमलों में जानमाल का नुकसान हुआ था। मंत्रालय ने पीड़ित परिवारों के प्रति संवेदना जताई और सभी पक्षों से संयम बरतने की अपील की ताकि टकराव और न बढ़े।
पहले भी आ चुके हैं ऐसे बयान
यह पहला मौका नहीं है जब ओमान ने ऐसी घटनाओं पर आवाज उठाई हो। सितंबर 2026 में 8 और 12 तारीख को भी सल्तनत ने नागरिक सुविधाओं और ऊर्जा ढांचे को निशाना बनाने वाली घटनाओं की निंदा की थी। इन्हीं में एक तेल पाइपलाइन को हुआ नुकसान भी शामिल था।
इन सभी मौकों पर ओमान की नीति एक जैसी दिखती है। वह राजनीतिक और शांतिपूर्ण समाधान की वकालत करता रहा है, ताकि इस क्षेत्र के व्यापारिक और नागरिक हितों की सुरक्षा हो सके। खाड़ी देशों के बीच भरोसे और तालमेल के लिहाज से यह संदेश अहम माना जा रहा है।