मॉस्को में राष्ट्रपति पुतिन और ईरान के राष्ट्रपति पेज़ेशकियन ने की मुलाकात, ऊर्जा सुरक्षा पर हुई चर्चा
रूसी राष्ट्रपति पुतिन और ईरान के राष्ट्रपति पेज़ेशकियन ने मॉस्को में द्विपक्षीय वार्ता की। बैठक में आर्थिक सहयोग और ऊर्जा सुरक्षा पर चर्चा हुई।

मॉस्को: रूसी राष्ट्रपति व्लादिमीर पुतिन और ईरान के राष्ट्रपति मसूद पेज़ेशकियन ने 27 अक्टूबर 2026 को मॉस्को में द्विपक्षीय वार्ता की। यह मुलाकात आठवें गैस निर्यातक देशों फोरम (GECF) शिखर सम्मेलन के दौरान हुई, जिसकी पुष्टि क्रेमलिन द्वारा जारी लाइव फुटेज से हुई है।
रूस के राष्ट्रपति पुतिन इस आयोजन के इतर कई विदेशी दिग्गजों से मिल रहे हैं। क्रेमलिन के सहायक यूरी उशाकोव ने बताया कि पुतिन कतर के अमीर शेख तमीम बिन हमद अल थानी के साथ-साथ लीबिया, मोजाम्बिक और इक्वेटोरियल गिनी के प्रतिनिधियों से भी मुलाकात करेंगे।
रूस में ईरान के राजदूत काज़ेम जलाली के मुताबिक, इस बैठक का मुख्य एजेंडा आर्थिक और व्यापारिक सहयोग को बढ़ाना है। इसमें इंटरनेशनल नॉर्थ-साउथ ट्रांसपोर्ट कॉरिडोर, खाद्य सुरक्षा और ऊर्जा सुरक्षा जैसे अहम मुद्दों पर ध्यान केंद्रित किया गया है। इस एक दिन की यात्रा के दौरान किसी औपचारिक दस्तावेज पर हस्ताक्षर नहीं किए जाने हैं।
इस मुलाकात की तैयारी ईरान के विदेश मंत्री अब्बास अराघची ने की थी। इससे पहले 19 अक्टूबर को रूसी विदेश मंत्री सर्गेई लावरोव ने तेहरान का दौरा किया था, जहां इन चर्चाओं की नींव रखी गई थी।
तेहरान से रवाना होने से पहले राष्ट्रपति पेज़ेशकियन ने कहा कि उनका लक्ष्य ऊर्जा पारगमन मार्गों को सुरक्षित करना और मध्य पूर्व की क्षेत्रीय असुरक्षा को दूर करना है। उन्होंने इस असुरक्षा के लिए अमेरिका के प्रभाव को जिम्मेदार ठहराया।
पेज़ेशकियन ने इस बात पर जोर दिया कि अमेरिका, इजरायल और ईरान के बीच चल रहे संघर्ष से जुड़े एकतरफा प्रतिबंध और ऊर्जा बुनियादी ढांचे पर हमले वैश्विक ऊर्जा सुरक्षा के लिए बड़ा खतरा हैं।
पुतिन से मुलाकात के अलावा राष्ट्रपति पेज़ेशकियन ने GECF शिखर सम्मेलन में अपना संबोधन दिया। उन्होंने राजनीतिक और आर्थिक संबंधों पर चर्चा करने के लिए कतर के अमीर के साथ भी अलग से बातचीत की।
यह तमाम गतिविधियां ऐसे समय में हो रही हैं जब 26 अक्टूबर को तेहरान में सऊदी अरब, तुर्की और पाकिस्तान के अधिकारियों के साथ क्षेत्रीय सुरक्षा पर चर्चा की गई थी।