कतर और लेबनान के प्रधानमंत्री ने की फोन पर बात, समुद्री सुरक्षा और क्षेत्रीय स्थिरता पर हुई बड़ी चर्चा.

कतर के प्रधानमंत्री और विदेश मंत्री Sheikh Mohammed bin Abdulrahman bin Jassim Al-Thani ने शनिवार, 5 सितंबर 2026 को लेबनान गणराज्य के प्रधानमंत्री Dr. Nawaf Salam के साथ एक महत्वपूर्ण टेलीफोन पर बातचीत की। इस उच्च स्तरीय बातचीत के दौरान दोनों नेताओं ने मुख्य रूप से द्विपक्षीय सहयोग को मजबूत करने और क्षेत्रीय मामलों पर चर्चा की। इस दौरान कतर और लेबनान के शीर्ष नेताओं ने क्षेत्र में चल रहे तनाव को कम करने और कूटनीतिक प्रयासों के जरिए शांति बहाल करने पर जोर दिया ताकि आम लोगों को राहत मिल सके और स्थिरता बनी रहे।
समुद्री नेविगेशन की सुरक्षा पर जोर
बातचीत के दौरान कतर के प्रधानमंत्री ने स्पष्ट किया कि उनका देश समुद्री नेविगेशन की स्वतंत्रता को सुरक्षित रखने और क्षेत्र में स्थायी शांति स्थापित करने के लिए कूटनीतिक पहलों को पूरी तरह से समर्थन देता है। उन्होंने लेबनान की क्षेत्रीय अखंडता और वहां के नागरिकों की सुरक्षा के प्रति कतर की प्रतिबद्धता को भी दोहराया। इस पूरी बातचीत की आधिकारिक जानकारी QNA के माध्यम से साझा की गई है, जिसमें बताया गया कि खाड़ी देशों में शांति बनाए रखना कितना जरूरी है।
क्षेत्रीय कूटनीति और हालिया बैठकें
यह महत्वपूर्ण बातचीत कतर की तरफ से की जा रही लगातार कूटनीतिक बैठकों का एक हिस्सा है। इससे पहले 2 सितंबर 2026 को भी कतर के प्रधानमंत्री ने लेबनान, तुर्की के विदेश मंत्री Hakan Fidan और मिस्र के विदेश मंत्री Badr Abdelatty के साथ फोन पर चर्चा की थी। उन बैठकों का मुख्य उद्देश्य भी क्षेत्रीय स्तर पर तनाव को कम करना और होर्मुज जलडमरूमध्य के जरिए जहाजों की आवाजाही को सुरक्षित रखना था, क्योंकि वाशिंगटन और तेहरान के बीच लगातार तनाव बना हुआ है। इसके अलावा, 4 सितंबर 2026 को कतर ने संयुक्त राष्ट्र प्रमुख और सुरक्षा परिषद के अध्यक्ष को एक पत्र लिखकर क्षेत्रीय हमलों पर अपनी कड़ी आपत्ति दर्ज कराई थी, जिसमें संयुक्त राष्ट्र चार्टर के अनुच्छेद 2(4) और सुरक्षा परिषद के प्रस्ताव का हवाला दिया गया था।
अरब लीग की बैठक में उठा सुरक्षा का मुद्दा
क्षेत्रीय सुरक्षा चिंताओं को आगे बढ़ाते हुए 5 सितंबर 2026 को कतर ने अरब लीग काउंसिल के स्थायी प्रतिनिधियों के स्तर के 166वें सत्र में भी हिस्सा लिया। इस सत्र के दौरान अरब देशों की ऊर्जा आपूर्ति की सुरक्षा और अरब खाड़ी में समुद्री नेविगेशन की स्थिति की गंभीरता से समीक्षा की गई। इन तमाम बैठकों और वार्ताओं का मुख्य मकसद खाड़ी देशों में रह रहे प्रवासियों और आम नागरिकों के लिए एक सुरक्षित माहौल तैयार करना है ताकि व्यापार और यात्रा में किसी प्रकार की बाधा न आए।